दुबई, 30 नवंबर (युआईटीवी)- संयुक्त राष्ट्र जलवायु सम्मेलन (सीओपी28) में जलवायु संकट से लड़ने के तरीकों पर राष्ट्रमंडल प्रमुख व भारत के पर्यावरण मंत्री ने बातचीत की। जलवायु सम्मेलन जो आज से शुरू हो रहा है और जिसमें हर साल की तरह, कई वैश्विक नेता, राज्यों और सरकारों के प्रमुख शामिल होंगे। भारतीय प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी विश्व जलवायु कार्रवाई शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए दुबई जाने वाले हैं। उनके दुबई पहुँचने से पूर्व केंद्रीय पर्यावरण,वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेन्द्र यादव से राष्ट्रमंडल महासचिव पेट्रीसिया स्कॉटलैंड ने मुलाकात कर जलवायु संकट से लड़ने के तरीकों पर चर्चा बातचीत की।
Participated in the Climate and Business Forum (ClimB) discussion in UAE today. pic.twitter.com/Cl1UNH1bBg
— Bhupender Yadav (@byadavbjp) November 29, 2023
राष्ट्रमंडल सचिवालय के द्वारा जलवायु परिवर्तन पर किए जा रहे कार्यों और भारत के अभिनव जलवायु समाधान पर दोनों नेताओं ने चर्चा की। साथ ही दोनों नेताओं ने आपसी सहयोग को मजबूत करने के तरीकों पर भी चर्चा की।
महासचिव ने बैठक के बाद कहा कि,” मैं खुद को गौरवान्वित महसूस कर रहा हूँ कि मैं भारत के अपने सहयोगी, पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन के केंद्रीय कैबिनेट मंत्री, भूपेन्द्र यादव के साथ हाथ मिला सका। मुझे बहुत प्रसन्नता है कि इसमें मैं सक्षम हो सका।”
As COP28 begins, Dr. Sultan Al Jaber has today met with Bhupender Yadav, India’s Minister of Environment, Forest and Climate Change.
Together we are working to deliver the highest ambition to the Global Stocktake.#COP28 #UniteActDeliver @byadavbjp pic.twitter.com/4QEaOKaZXI
— COP28 UAE (@COP28_UAE) November 30, 2023
हम जलवायु संकट से निपटने के उपायों पर चर्चा कर रहे हैं। निकट भविष्य में आने वाली जलवायु आपदा से निपटने के लिए भू-स्थानिक डेटा,कृत्रिम बुद्धिमत्ता और तकनीकी विकास के उपयोग पर चर्चा कर रहे हैं। ताकि हम मिलकर जलवायु संकट से लड़ने का उपाय ढूँढ़ सके।
भारत ने जलवायु कार्रवाई के प्रति जो समर्पण,प्रतिबद्धता दिखाई है,मैं उसके लिए वास्तव में उनकी सराहना करता हूँ। लेकिन हमारे पास सबसे बड़ी समस्या जलवायु संकट को उलटने की है। जिसके लिए उपाय हमें खुद ढूँढ़ना है। भारत की इच्छा है कि जलवायु संकट को उलटने के लिए जलवायु से संबंधित प्रौद्योगिकी को साझा किया जाए।
अमेरिकी राष्ट्रपति जो पिछले दो सम्मेलनों में शामिल हुए थे,लेकिन इस साल के सम्मेलन में उनके शामिल होने की उम्मीद नहीं है। चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की भी इस साल के सम्मेलन में शामिल होने की उम्मीद नहीं है। लेकिन जलवायु सम्मेलन में फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन,जर्मन चांसलर ओलाफ स्कोल्ज़ और ब्रिटेन के प्रधान मंत्री ऋषि सुनक शामिल होंगे। इन सबके अलावा 130 से अधिक अन्य राष्ट्र प्रमुख या सरकार भी इस सम्मलेन में सम्मिलित होने के लिए दुबई आ रहे हैं।
संयुक्त राष्ट्र जलवायु सम्मेलन (सीओपी28) में राष्ट्रमंडल प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व राष्ट्रमंडल महासचिव पेट्रीसिया स्कॉटलैंड कर रहे हैं।
