नई दिल्ली,10 फरवरी (युआईटीवी)- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सेशेल्स के राष्ट्रपति डॉ. पैट्रिक हर्मिनी के बीच सोमवार को हुई अहम बैठक ने भारत–सेशेल्स द्विपक्षीय संबंधों को नई मजबूती देने का काम किया। इस मुलाकात को प्रधानमंत्री मोदी ने दोनों देशों के रिश्तों के लिए बेहद महत्वपूर्ण करार देते हुए सेशेल्स को भारत के ‘महासागर विजन’ का एक अहम हिस्सा बताया। बैठक ऐसे समय में हुई है,जब सेशेल्स अपनी आज़ादी के 50 वर्ष पूरे कर रहा है और साथ ही भारत–सेशेल्स के राजनयिक संबंधों की भी स्वर्ण जयंती मनाई जा रही है, जिससे इस दौरे का महत्व और बढ़ गया है।
बैठक के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर तस्वीरें साझा करते हुए अपने विचार रखे। उन्होंने लिखा कि सुबह सेशेल्स के राष्ट्रपति डॉ. पैट्रिक हर्मिनी के साथ एक सफल बैठक संपन्न हुई। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि राष्ट्रपति हर्मिनी का यह दौरा एक ऐसे ऐतिहासिक क्षण में हो रहा है,जब दोनों देश अपने-अपने महत्वपूर्ण पड़ाव मना रहे हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत और सेशेल्स इतिहास और भविष्य के लिए एक साझा विजन से जुड़े हुए हैं और एक समुद्री पड़ोसी तथा भरोसेमंद साझेदार के रूप में सेशेल्स भारत के महासागर विजन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।
हैदराबाद हाउस में हुई इस बैठक के दौरान प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति हर्मिनी ने द्विपक्षीय संबंधों के संपूर्ण दायरे को समाहित करते हुए व्यापक और सार्थक चर्चा की। प्रधानमंत्री मोदी ने अक्टूबर 2025 में संपन्न चुनावों में सफलता के लिए राष्ट्रपति हर्मिनी को बधाई दी और सेशेल्स के लोकतांत्रिक मूल्यों की सराहना की। दोनों नेताओं ने इस बात को स्वीकार किया कि भारत–सेशेल्स संबंध मूल रूप से जन-केंद्रित हैं और ये पश्चिमी हिंद महासागर क्षेत्र में सुरक्षा,स्थिरता और शांति को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
Had a productive meeting with President Patrick Herminie of Seychelles earlier today. His visit comes at a time when Seychelles is celebrating the 50th year of its Independence and the 50th anniversary of India-Seychelles relations. Our nations are connected by history and a… pic.twitter.com/yZSzdWkPG7
— Narendra Modi (@narendramodi) February 9, 2026
प्रधानमंत्री मोदी ने बातचीत के दौरान भारत के ‘विजन महासागर’ में सेशेल्स की भूमिका को एक मजबूत स्तंभ के रूप में रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि हिंद महासागर क्षेत्र में सहयोग,समुद्री सुरक्षा,ब्लू इकोनॉमी और सतत विकास जैसे मुद्दों पर भारत और सेशेल्स का साझा दृष्टिकोण है। इस संदर्भ में दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी को और गहरा करने पर सहमति बनी।
सेशेल्स के राष्ट्रपति डॉ. पैट्रिक हर्मिनी ने भी भारत की भूमिका की खुलकर सराहना की। उन्होंने सेशेल्स तथा पूरे क्षेत्र के लिए भारत को एक विश्वसनीय और दीर्घकालिक साझेदार बताया। राष्ट्रपति हर्मिनी ने सेशेल्स के विकास एजेंडा को आगे बढ़ाने में भारत द्वारा दी गई निरंतर सहायता और सहयोग के लिए प्रधानमंत्री मोदी और भारत सरकार का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि भारत ने हमेशा सेशेल्स की प्राथमिकताओं और जरूरतों को समझते हुए सहयोग किया है,चाहे वह बुनियादी ढाँचे का विकास हो,स्वास्थ्य सेवाएँ हों या क्षमता निर्माण।
बैठक में दोनों नेताओं ने इस बात पर भी जोर दिया कि सेशेल्स और भारत के बीच नियमित उच्च-स्तरीय राजनीतिक बैठकों,दौरों और परामर्शों को जारी रखना बेहद जरूरी है। इससे न केवल आपसी समझ और विश्वास बढ़ता है,बल्कि क्षेत्रीय और वैश्विक चुनौतियों पर साझा रणनीति बनाने में भी मदद मिलती है। दोनों पक्षों ने जन-केंद्रित विकास साझेदारी का विस्तार करने और उसे और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए निकट सहयोग की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
इस अवसर पर भारत ने सेशेल्स के लिए 175 मिलियन अमेरिकी डॉलर के एक ‘विशेष आर्थिक पैकेज’ की घोषणा की। इस पैकेज के तहत आवास,स्वास्थ्य,रक्षा, ई-मोबिलिटी और समुद्री सुरक्षा जैसे अहम क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ाया जाएगा। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यह आर्थिक पैकेज सेशेल्स की विकास प्राथमिकताओं के अनुरूप तैयार किया गया है और इससे वहाँ के लोगों के जीवन स्तर में सुधार आएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भारत की विकास साझेदारी का केंद्र हमेशा लोगों की जरूरतें और दीर्घकालिक लाभ रहे हैं।
दोनों नेताओं ने संयुक्त प्रेस वार्ता को भी संबोधित किया। इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत–सेशेल्स संबंध केवल कूटनीतिक नहीं हैं,बल्कि इनके पीछे ऐतिहासिक और सांस्कृतिक जुड़ाव भी है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच आपसी विश्वास,मित्रता और सहयोग की मजबूत परंपरा रही है,जो आने वाले वर्षों में और भी सशक्त होगी। प्रधानमंत्री के अनुसार,सेशेल्स जैसे समुद्री पड़ोसी के साथ भारत का रिश्ता हिंद महासागर क्षेत्र में शांति और समृद्धि के लिए बेहद अहम है।
राष्ट्रपति हर्मिनी ने भी प्रेस वार्ता में कहा कि भारत के साथ सेशेल्स के संबंध केवल सरकारों तक सीमित नहीं हैं,बल्कि लोगों से लोगों के बीच गहरे रिश्तों पर आधारित हैं। उन्होंने कहा कि भारत द्वारा घोषित विशेष आर्थिक पैकेज से सेशेल्स के विकास प्रयासों को नई गति मिलेगी और दोनों देशों के बीच साझेदारी और मजबूत होगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति डॉ. पैट्रिक हर्मिनी की यह बैठक भारत–सेशेल्स संबंधों के लिए एक नए अध्याय की शुरुआत मानी जा रही है। स्वर्ण जयंती के इस विशेष वर्ष में हुई यह मुलाकात न केवल अतीत की साझेदारी को सम्मान देती है,बल्कि भविष्य के लिए एक साझा और दूरदर्शी रोडमैप भी प्रस्तुत करती है,जिसमें सहयोग, विश्वास और क्षेत्रीय स्थिरता को केंद्र में रखा गया है।
