शिवम दुबे (तस्वीर क्रेडिट@Itzshreyas07)

नरेंद्र मोदी स्टेडियम में भारत की दमदार जीत, नीदरलैंड को 17 रन से हराकर ग्रुप-ए में टॉप पर समाप्ति

अहमदाबाद,19 फरवरी (युआईटीवी)- टी20 वर्ल्ड कप 2026 के ग्रुप-ए चरण का समापन भारतीय टीम ने शानदार अंदाज में किया। अहमदाबाद के भव्य नरेंद्र मोदी स्टेडियम में बुधवार को खेले गए टूर्नामेंट के 36वें मुकाबले में भारत ने नीदरलैंड को 17 रन से पराजित कर अंक तालिका में अपनी स्थिति मजबूत कर ली। 66 रन की विस्फोटक पारी खेलने और गेंद से दो अहम विकेट झटकने वाले शिवम दुबे को ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ चुना गया। इस जीत के साथ टीम इंडिया ने न केवल आत्मविश्वास हासिल किया,बल्कि नॉकआउट चरण से पहले अपनी लय भी बरकरार रखी।

टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही। पारी की तीसरी ही गेंद पर अभिषेक शर्मा बिना खाता खोले पवेलियन लौट गए। शुरुआती झटके के बाद तिलक वर्मा ने मोर्चा सँभाला और ईशान किशन के साथ मिलकर पारी को स्थिरता दी। दोनों ने दूसरे विकेट के लिए 39 रन जोड़े। ईशान के आउट होने के बाद कप्तान सूर्यकुमार यादव क्रीज पर आए और तिलक के साथ 30 रन की साझेदारी कर टीम को संभाला।

तिलक वर्मा ने 27 गेंदों पर 31 रन की संयमित पारी खेली,लेकिन बड़े शॉट की कोशिश में आउट हो गए। इसके बाद सूर्यकुमार यादव ने आक्रामक रुख अपनाया। उन्होंने 34 रन का योगदान दिया और शिवम दुबे के साथ चौथे विकेट के लिए 41 रन की साझेदारी कर टीम को 110 के पार पहुँचाया। हालाँकि,सूर्या भी बड़ी पारी नहीं खेल सके,लेकिन उन्होंने मध्यक्रम को गति देने का काम किया।

इसके बाद मैच का रुख पूरी तरह बदल गया। शिवम दुबे और हार्दिक पंड्या ने मिलकर पारी को नई ऊँचाई दी। दोनों ने पाँचवें विकेट के लिए महज 35 गेंदों में 76 रन जोड़े। दुबे ने 31 गेंदों में 66 रन की धमाकेदार पारी खेली,जिसमें छह छक्के और चार चौके शामिल रहे। उनकी बल्लेबाजी में आत्मविश्वास और ताकत साफ झलक रही थी। दूसरी ओर हार्दिक पंड्या ने 21 गेंदों में 30 रन बनाए और टीम को 20 ओवर में 193 रन के मजबूत स्कोर तक पहुंचाया।

नीदरलैंड की ओर से लोगन वैन बीक ने सर्वाधिक तीन विकेट झटके,जबकि आर्यन दत्त ने दो सफलताएँ हासिल कीं। काइल क्लेन को एक विकेट मिला। हालाँकि,भारतीय बल्लेबाजों ने अंत के ओवरों में जिस तरह रन गति बढ़ाई,उससे विपक्षी गेंदबाज दबाव में नजर आए।

194 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी नीदरलैंड की टीम ने सधी हुई शुरुआत की। माइकल लेविट और मैक्स ओ’डॉड ने पहले विकेट के लिए 35 रन जोड़े और भारतीय गेंदबाजों को शुरुआती सफलता से वंचित रखा। ओ’डॉड 20 रन बनाकर आउट हुए,जबकि लेविट ने 24 रन का योगदान दिया। इसके बाद कप्तान स्कॉट एडवर्ड्स भी ज्यादा देर टिक नहीं सके और 15 रन बनाकर पवेलियन लौट गए।

भारतीय गेंदबाजों ने बीच के ओवरों में मैच पर पकड़ मजबूत कर ली। 125 रन तक पहुँचते-पहुँचते नीदरलैंड ने अपने छह विकेट गंवा दिए थे और ऐसा लग रहा था कि मुकाबला एकतरफा हो जाएगा,लेकिन नूह क्रोस और जैक लाइन-कैसेट ने सातवें विकेट के लिए 23 गेंदों में 47 रन जोड़कर हार के अंतर को कम करने की कोशिश की। क्रोस 25 रन बनाकर नाबाद रहे,जबकि लाइन-कैसेट ने 26 रन की तेज पारी खेली।

हालाँकि,भारतीय गेंदबाजों ने अंतिम ओवरों में संयम बनाए रखा। वरुण चक्रवर्ती ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 14 रन देकर तीन विकेट हासिल किए और विपक्षी बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी। शिवम दुबे ने भी गेंद से प्रभाव छोड़ा और तीन ओवर में 35 रन देकर दो विकेट झटके। जसप्रीत बुमराह और हार्दिक पंड्या को एक-एक सफलता मिली।

यह जीत भारतीय टीम के संतुलित प्रदर्शन का उदाहरण रही,जहाँ बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों विभागों ने योगदान दिया। शिवम दुबे का ऑलराउंड प्रदर्शन टीम के लिए सबसे बड़ा सकारात्मक पहलू रहा। उन्होंने जिस तरह मध्यक्रम में आक्रामक बल्लेबाजी की और फिर गेंद से भी विकेट निकाले,उससे टीम को मजबूती मिली।

कप्तान सूर्यकुमार यादव के नेतृत्व में टीम ने दबाव की परिस्थितियों में संयम दिखाया। शुरुआती झटके के बाद जिस तरह बल्लेबाजों ने पारी को सँभाला और अंत में तेजी से रन बटोरे,वह आने वाले नॉकआउट मुकाबलों के लिए शुभ संकेत है। गेंदबाजी में विविधता और रणनीति का सही इस्तेमाल भी जीत का अहम कारण रहा।

ग्रुप-ए के मुकाबलों का समापन जीत के साथ करना भारतीय टीम के आत्मविश्वास को और बढ़ाएगा। टी20 प्रारूप में छोटे-छोटे मोमेंट्स मैच का रुख बदल सकते हैं और इस मुकाबले में भारत ने अहम क्षणों को अपने पक्ष में भुनाया। अब टीम की नजरें अगले चरण पर होंगी,जहाँ प्रतिस्पर्धा और कड़ी होने की संभावना है। फिलहाल,अहमदाबाद के इस ऐतिहासिक मैदान पर मिली जीत ने भारतीय क्रिकेट प्रेमियों को जश्न मनाने का एक और अवसर दे दिया है।