मुंबई,19 फरवरी (युआईटीवी)- फिल्मी और टीवी जगत के प्रतिष्ठित सम्मान समारोह आइकॉनिक गोल्ड अवॉर्ड में इस वर्ष कई सितारों को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया,लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा जिस पल की रही,वह था अनुपम खेर की फिल्म ‘तन्वी द ग्रेट’ को मिला सर्वश्रेष्ठ फिल्म का अवॉर्ड। हिंदी सिनेमा में अपनी 550वीं फिल्म कर रहे अनुपम खेर के लिए यह उपलब्धि बेहद खास रही। इस फिल्म का निर्देशन भी उन्होंने स्वयं किया है और इसकी कहानी उनके दिल के बेहद करीब है।
‘तन्वी द ग्रेट’ को समारोह में सर्वश्रेष्ठ फिल्म का सम्मान मिला,जबकि फिल्म में मुख्य भूमिका निभाने वाली अभिनेत्री को बेस्ट एक्ट्रेस का अवॉर्ड प्रदान किया गया। इस उपलब्धि के बाद अनुपम खेर ने सोशल मीडिया पर अपनी भावनाएँ साझा करते हुए फिल्म की पूरी टीम का आभार व्यक्त किया। उन्होंने लिखा कि यह उन सभी लोगों के लिए गर्व और खुशी का क्षण है,जिन्होंने साहस,अच्छाई और शांत शक्ति की इस कहानी पर भरोसा किया।
अनुपम खेर ने अपने संदेश में कहा कि पुरस्कार जितने खूबसूरत होते हैं,उससे कहीं ज्यादा मायने उस सफर के होते हैं,जो उन्हें पाने तक तय किया जाता है। उन्होंने रिहर्सल के दिनों, शंकाओं,आंसुओं,हँसी और पूरी टीम के अटूट विश्वास को याद करते हुए कहा कि यह फिल्म एक परिवार की तरह साथ खड़े रहने वाले लोगों की मेहनत का परिणाम है। उनके शब्दों में,असली जीत उस सामूहिक प्रयास की है जिसने इस कहानी को पर्दे तक पहुँचाया।
‘तन्वी द ग्रेट’ अनुपम खेर के करियर की सबसे भावनात्मक और व्यक्तिगत फिल्मों में से एक मानी जा रही है। इस फिल्म की कहानी उनकी भांजी से प्रेरित है,जो ऑटिज्म से पीड़ित है। अनुपम खेर ने कई बार अपनी भांजी के बारे में सार्वजनिक रूप से बात की है और सोशल मीडिया के जरिए अपने प्रशंसकों को उनसे परिचित भी कराया है। उनकी भांजी के सिंगिंग टैलेंट ने भी लोगों को चकित किया है। इसी प्रेरणा से जन्मी इस फिल्म में एक ऐसी लड़की की कहानी दिखाई गई है,जो चुनौतियों के बावजूद अपने सपनों को साकार करने का साहस रखती है।
फिल्म को पहले भी कई मंचों पर सराहना मिल चुकी है,लेकिन ‘आइकॉनिक गोल्ड अवॉर्ड’ ने इसकी उपलब्धियों में एक और महत्वपूर्ण अध्याय जोड़ दिया है। अनुपम खेर ने स्पष्ट किया कि यह सम्मान केवल उनके लिए नहीं,बल्कि फिल्म से जुड़े हर कलाकार और तकनीशियन के लिए है। उन्होंने अपने कैप्शन में पर्दे के सामने और पीछे काम करने वाले सभी लोगों को इस अवॉर्ड का असली हकदार बताया।
अनुपम खेर का मानना है कि ‘तन्वी द ग्रेट’ केवल एक फिल्म नहीं,बल्कि एक संवेदनशील सामाजिक संदेश है। ऑटिज्म जैसे विषय को मुख्यधारा सिनेमा में इस तरह प्रस्तुत करना आसान नहीं था,लेकिन उन्होंने इसे पूरी ईमानदारी और संवेदनशीलता के साथ निभाने की कोशिश की। दर्शकों और समीक्षकों दोनों ने फिल्म की भावनात्मक गहराई और सादगी की सराहना की है।
अपने लंबे करियर में अनुपम खेर ने सैकड़ों किरदार निभाए हैं,लेकिन निर्देशन की जिम्मेदारी सँभालते हुए इस तरह की निजी कहानी को बड़े पर्दे पर उतारना उनके लिए एक अलग अनुभव रहा। उन्होंने कहा कि यह फिल्म उनके दिल के बेहद करीब है और इसका सफर अभी खत्म नहीं हुआ है। उनके अनुसार,यह तो बस एक शुरुआत है और आगे भी कई ऐसी कहानियाँ सामने आएँगी,जो लोगों के दिलों को छू सकें।
समारोह की तस्वीरें साझा करते हुए अनुपम खेर ने लिखा कि तन्वी ने जिस तरह लोगों के दिलों में जगह बनाई है,वह उनके लिए सबसे बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने संकेत दिया कि फिल्म जल्द ही ओटीटी प्लेटफॉर्म पर भी रिलीज की जाएगी,ताकि ज्यादा से ज्यादा दर्शक इसे देख सकें। हालाँकि,उन्होंने अभी प्लेटफॉर्म या रिलीज की तारीख की घोषणा नहीं की है।
फिल्म इंडस्ट्री के कई सितारों ने भी अनुपम खेर और उनकी टीम को बधाई दी है। सोशल मीडिया पर फैंस ने फिल्म की सफलता को ‘दिल जीत लेने वाली’ बताया है। ऑटिज्म जैसे विषय पर बनी फिल्मों की संख्या हिंदी सिनेमा में बहुत कम है,ऐसे में ‘तन्वी द ग्रेट’ को एक सकारात्मक और प्रेरणादायक कदम माना जा रहा है।
‘आइकॉनिक गोल्ड अवॉर्ड’ में मिली यह सफलता अनुपम खेर के लंबे और विविधतापूर्ण करियर का एक और सुनहरा अध्याय बन गई है। अभिनेता के लिए यह केवल एक ट्रॉफी नहीं,बल्कि उस विश्वास की पुष्टि है,जो उन्होंने अपनी कहानी और अपनी टीम पर किया था। उनकी भावनात्मक प्रतिक्रिया यह दर्शाती है कि सिनेमा उनके लिए केवल पेशा नहीं,बल्कि एक जुनून और जिम्मेदारी है।
अब दर्शकों को उस दिन का इंतजार है जब ‘तन्वी द ग्रेट’ ओटीटी पर उपलब्ध होगी और अधिक लोग इस संवेदनशील कहानी से जुड़ सकेंगे। फिलहाल,यह फिल्म और इसके निर्देशक अपनी इस उपलब्धि का आनंद ले रहे हैं,जिसने एक बार फिर साबित किया है कि सच्ची और दिल से कही गई कहानियाँ हमेशा अपनी मंजिल तक पहुँचती हैं।
