नई दिल्ली,13 मार्च (युआईटीवी)- इंग्लैंड की लोकप्रिय क्रिकेट लीग ‘द हंड्रेड’ की नीलामी के बाद एक नया विवाद खड़ा हो गया है। पाकिस्तानी स्पिनर अबरार अहमद को भारतीय स्वामित्व वाली फ्रेंचाइजी द्वारा खरीदे जाने पर भारत में क्रिकेट प्रशंसकों के बीच तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। इस विवाद के बीच सनराइजर्स फ्रेंचाइजी की टीम सनराइजर्स लीड्स का सोशल मीडिया अकाउंट भी निलंबित कर दिया गया है,जिससे मामला और अधिक चर्चा में आ गया है। हालाँकि,जिस प्लेटफॉर्म पर यह कार्रवाई हुई है,उसकी ओर से अकाउंट सस्पेंड करने के पीछे कोई स्पष्ट कारण नहीं बताया गया है।
दरअसल, ‘द हंड्रेड’ की नीलामी में सनराइजर्स लीड्स ने पाकिस्तानी स्पिन गेंदबाज अबरार अहमद को 2,55,000 अमेरिकी डॉलर की बोली लगाकर अपनी टीम में शामिल किया। यह फैसला अपने आप में ऐतिहासिक माना जा रहा है,क्योंकि वह ‘द हंड्रेड’ में किसी भारतीय स्वामित्व वाली फ्रेंचाइजी द्वारा खरीदे जाने वाले पहले पाकिस्तानी खिलाड़ी बन गए हैं,लेकिन इसी फैसले ने भारत में कई क्रिकेट प्रशंसकों को नाराज भी कर दिया। सोशल मीडिया पर बड़ी संख्या में प्रशंसकों ने फ्रेंचाइजी और उसकी मालिक पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह फैसला देश की भावनाओं के खिलाफ है।
सनराइजर्स लीड्स,जो कि आईपीएल की मशहूर टीम सनराइजर्स हैदराबाद से जुड़ी फ्रेंचाइजी है,पिछले साल ही इंग्लैंड की इस टीम का अधिग्रहण कर चुकी है। इससे पहले यह टीम नॉर्दर्न सुपरचार्जर्स के नाम से जानी जाती थी। फ्रेंचाइजी ने इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड से 49 प्रतिशत और यॉर्कशायर काउंटी क्लब से 51 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदकर टीम का नियंत्रण अपने हाथ में लिया था। इस अधिग्रहण के बाद टीम का नाम और प्रबंधन दोनों बदल गए थे,लेकिन अब एक पाकिस्तानी खिलाड़ी की खरीद को लेकर पैदा हुआ विवाद फ्रेंचाइजी के लिए नई चुनौती बन गया है।
भारतीय क्रिकेट प्रशंसकों का कहना है कि भारत और पाकिस्तान के बीच लंबे समय से क्रिकेट संबंधों में तनाव बना हुआ है और इसी वजह से भारतीय लीगों में पाकिस्तानी खिलाड़ियों को आम तौर पर मौका नहीं दिया जाता। ऐसे में भारतीय स्वामित्व वाली किसी टीम द्वारा पाकिस्तानी खिलाड़ी को खरीदना कई लोगों को असहज लग रहा है। सोशल मीडिया पर कई यूजर्स ने फ्रेंचाइजी की मालिक काव्या मारन की आलोचना करते हुए कहा कि यह फैसला भारतीय फैंस की भावनाओं को नजरअंदाज करता है।
इस विवाद के बीच सनराइजर्स लीड्स का सोशल मीडिया अकाउंट अचानक निलंबित कर दिया गया। आम तौर पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म नियमों के उल्लंघन,संदिग्ध गतिविधियों या बड़े पैमाने पर रिपोर्ट किए जाने की स्थिति में अकाउंट सस्पेंड करते हैं। हालाँकि,इस मामले में प्लेटफॉर्म की ओर से कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण सामने नहीं आया है। इससे यह अटकलें भी लगाई जा रही हैं कि अकाउंट पर अचानक बढ़ी गतिविधि या बड़ी संख्या में शिकायतें इस कार्रवाई का कारण हो सकती हैं।
टीम प्रबंधन ने हालाँकि,इस विवाद को लेकर अपना पक्ष स्पष्ट किया है। सनराइजर्स लीड्स के कोच डेनियल विटोरी ने बताया कि अबरार अहमद को टीम में शामिल करने का फैसला पूरी तरह क्रिकेटिंग कारणों से लिया गया था। उनके अनुसार,साल की शुरुआत में उन्होंने कुछ ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ियों से अबरार की गेंदबाजी के बारे में राय ली थी। खिलाड़ियों से मिली सकारात्मक प्रतिक्रिया के आधार पर टीम प्रबंधन ने उन्हें अपनी योजना में शामिल किया। विटोरी ने यह भी कहा कि फ्रेंचाइजी के भीतर पाकिस्तानी खिलाड़ियों को लेने या न लेने को लेकर कोई विशेष बैठक या नीति नहीं बनाई गई थी।
‘द हंड्रेड’ की इस नीलामी में अबरार अहमद के अलावा एक और पाकिस्तानी खिलाड़ी को खरीदा गया है। युवा खिलाड़ी उस्मान तारिक को बर्मिंघम फीनिक्स ने 1,87,000 अमेरिकी डॉलर में अपनी टीम में शामिल किया। हालाँकि,भारतीय स्वामित्व वाली फ्रेंचाइजी द्वारा पाकिस्तानी खिलाड़ी को खरीदने की घटना पहली बार हुई है,इसलिए अबरार का चयन ज्यादा चर्चा में है।
नीलामी से पहले सभी आठ फ्रेंचाइजी ने यह साफ किया था कि खिलाड़ी चयन केवल उनके प्रदर्शन,उपलब्धता और टीम की जरूरतों के आधार पर किया जाएगा। इसी नीति के तहत सनराइजर्स लीड्स ने अबरार अहमद को खरीदने का फैसला किया। रिपोर्ट्स के अनुसार,उनकी बोली के दौरान ट्रेंट रॉकेट्स के साथ कड़ी प्रतिस्पर्धा भी हुई थी। आखिरकार सनराइजर्स लीड्स ने ऊँची बोली लगाकर उन्हें अपने साथ जोड़ लिया।
अबरार अहमद को पाकिस्तान के उभरते हुए स्पिन गेंदबाजों में गिना जाता है। उन्होंने अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में अपनी मिस्ट्री स्पिन से कई बल्लेबाजों को परेशान किया है। यही कारण है कि दुनिया की कई टीमें उन्हें टी20 और अन्य छोटी फॉर्मेट की लीगों में शामिल करना चाहती हैं। सनराइजर्स लीड्स भी इसी उम्मीद के साथ उन्हें टीम में लेकर आई है कि वह अपनी गेंदबाजी से मैच का रुख बदल सकते हैं।
फिलहाल यह विवाद सोशल मीडिया और क्रिकेट जगत में चर्चा का विषय बना हुआ है। एक तरफ कुछ लोग इसे खेल और राजनीति को अलग रखने की जरूरत बताते हैं,वहीं दूसरी ओर कई प्रशंसक इसे राष्ट्रीय भावनाओं से जोड़कर देख रहे हैं। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि सनराइजर्स लीड्स इस विवाद से कैसे निपटती है और अबरार अहमद का प्रदर्शन ‘द हंड्रेड’ में कैसा रहता है।
