अहमदाबाद,28 दिसंबर (युआईटीवी)- अदाणी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक जोन लिमिटेड (एपीएसईजेड) ने आठ अत्याधुनिक हार्बर टग्स की खरीद की घोषणा की है,जिनकी कुल कॉन्ट्रैक्ट वैल्यू लगभग 450 करोड़ रुपये होने का अनुमान है। यह कदम कंपनी की समुद्री सेवाओं की क्षमता को मजबूत करेगा। कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड द्वारा इन टग्स का निर्माण किया जाएगा। कंपनी ने इस सौदे के बारे में बताया कि इन टग्स की डिलीवरी दिसंबर 2026 में शुरू होने की उम्मीद है और मई 2028 तक यह प्रक्रिया पूरी हो जाएगी। इस पहल से भारतीय बंदरगाहों में वेसल ऑपरेशन की दक्षता और सुरक्षा में सुधार होने की संभावना है,जिससे समुद्री व्यापार में सहूलियत मिलेगी।
एपीएसईजेड के पूर्णकालिक निदेशक और सीईओ अश्विनी गुप्ता ने बताया कि, “कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड से टग की खरीद हमारे समुद्री बुनियादी ढाँचे को मजबूत करने के लिए हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाता है और यह भारत के सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रमों (पीएसयू) में हमारे विश्वास को भी दिखाता है।” उन्होंने यह भी बताया कि इस कदम के द्वारा कंपनी मेक इन इंडिया पहल में योगदान देने का प्रयास कर रही है,साथ-ही यह सुनिश्चित किया जाएगा कि कंपनी के संचालन अंतर्राष्ट्रीय सुरक्षा और दक्षता मानकों के अनुरूप हों।
यह सौदा भारत में समुद्री उद्योग की सस्टेनेबल प्रैक्टिसेस को बढ़ावा देने के संदर्भ में महत्वपूर्ण है। एपीएसईजेड ने पहले भी कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड के साथ साझेदारी की थी,जब कंपनी ने ओशन स्पार्कल लिमिटेड के लिए दो 62-टन बोलार्ड पुल एएसडी (अजीमुथिंग स्टर्न ड्राइव) टग का निर्माण ठेके पर दिया था। ये दोनों टग समय से पहले वितरित किए गए और पारादीप पोर्ट और न्यू मैंगलोर पोर्ट पर तैनात किए गए थे। अब, तीन अतिरिक्त एएसडी टग का निर्माण कार्य चल रहा है,जिससे एपीएसईजेड का कुल टग ऑर्डर 13 हो जाएगा। यह कदम भारत के समुद्री उद्योग में एक और मील का पत्थर साबित हो सकता है।
अदाणी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक जोन लिमिटेड भारत के सबसे बड़े बंदरगाह डेवलपर और ऑपरेटर के रूप में पहचान रखता है। इसके पास पश्चिमी तट पर 7 प्रमुख पोर्ट्स और टर्मिनल्स हैं,जो रणनीतिक रूप से महत्त्वपूर्ण स्थानों पर स्थित हैं। इसके अलावा,कंपनी के 8 पोर्ट और टर्मिनल्स पूर्वी तट पर भी स्थित हैं,जो मिलकर देश के कुल बंदरगाह वॉल्यूम का लगभग 27 प्रतिशत हिस्सा बनाते हैं। यह आँकड़ा कंपनी के बडे़ समुद्री व्यापार संचालन को दर्शाता है,जो भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
एपीएसईजेड की वैश्विक उपस्थिति भी है। कंपनी श्रीलंका के कोलंबो में एक ट्रांसशिपमेंट पोर्ट विकसित कर रही है,जो एक महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार मार्ग है। इसके अलावा,अदाणी पोर्ट्स इजरायल के हाइफा पोर्ट और तंजानिया के दार एस सलाम पोर्ट में कंटेनर टर्मिनल 2 का संचालन भी कर रही है। इस प्रकार,अदाणी ग्रुप की समुद्री गतिविधियों का दायरा वैश्विक स्तर तक फैला हुआ है और यह भारतीय और वैश्विक दोनों बाजारों में अपनी उपस्थिति को सशक्त बना रहा है।
अदाणी ग्रुप की इस पहल को समुद्री उद्योग के लिए एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है,जो न केवल भारतीय बंदरगाहों की क्षमता और सुरक्षा को बढ़ाएगा,बल्कि यह भारत को वैश्विक समुद्री व्यापार के परिप्रेक्ष्य में एक महत्वपूर्ण खिलाड़ी के रूप में स्थापित करेगा। इन टग्स का निर्माण और डिलीवरी भारतीय उद्योग के लिए एक गौरवपूर्ण पल है,क्योंकि यह स्थानीय मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने और मेक इन इंडिया के उद्देश्य को साकार करने में सहायक होगा।
