राजकोट,16 फरवरी (युआईटीवी)- भारत पर ऑलराउंडर रविचंद्रन अश्विन और ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा के कारण पाँच रन का जुर्माना लगाया गया है। भारत और इंग्लैंड के बीच खेले जा रहे तीसरे टेस्ट के दूसरे दिन पहले सत्र के दौरान पिच के संरक्षित क्षेत्र में रविचंद्रन अश्विन के दौड़ने के बाद पाँच रन का जुर्माना भारत पर लगाया गया है।
भारतीय पारी के 102वें ओवर में जब भारत 7 विकेट पर 358 रन पर था,उस दौरान गेंद को अश्विन ने कवर क्षेत्र की ओर खेला और एक रन चुराने की कोशिश की। रन चुराने के क्रम में अश्विन अपनी पारी में पिच के बीच दौड़ते पाए गए।
इसके चलते भारत पर मैदानी अंपायर जोएल विल्सन ने पाँच रन का जुर्माना लगा दिया। उन्होंने अश्विन से पेनल्टी का संकेत देने से पहले बात की थी।
भारत पर पाँच रन का जुर्माना लगाया गया है,जिसके वजह से इंग्लैंड 5/0 से अपनी पहली पारी की शुरुआत करेगा। टेस्ट के पहले दिन ही भारत को पहली और आखिरी चेतावनी दी जा चुकी थी। यह चेतावनी ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा को पिच पर दौड़ने के लिए टेस्ट के पहले दिन ही दी गई थी।
Ravi Ashwin got a warning for running down in the middle of the pitch, which resulted in five penalty runs for India. England will start with 5/0
This was the second warning for Team India.#INDvsENGTest #INDvENG pic.twitter.com/MzLY1A5BFz
— محمد عثمان غنی (@usManKamboh99) February 16, 2024
नियम 41.14 जो एक बल्लेबाज द्वारा पिच को नुकसान पहुँचाने की स्थिति से संबंधित है।
नियम के अनुसार: पिच को जानबूझकर या टालने योग्य क्षति पहुँचाना अनुचित है। गेंद को खेलने के लिए यदि स्ट्राइकर संरक्षित क्षेत्र में जाता है,तो जा सकता है,लेकिन गेंद को खेलने के तुरंत बाद वहाँ से स्ट्राइकर को हट जाना होता है। पिच पर स्ट्राइकर की उपस्थिति को यदि कोई अंपायर बिना किसी उचित कारण के मानता है,तो उनके खिलाफ कार्रवाई किया जाएगा।
पहली घटना में अपनाई जाने वाली प्रक्रिया का वर्णन कानून 41.14.2 करता है,जिसके तहत एक चेतावनी बल्लेबाजी पक्ष को दिया जाता है।
41.14.3 में जुर्माना कानून निर्धारित है,जिसके तहत फिर से टीम द्वारा उस पारी में गलती को दोहराया जाता है,तो उनके खिलाफ कार्रवाई किया जाएगा।
तीसरा टेस्ट राजकोट के निरंजन शाह स्टेडियम में खेला जा रहा है,जिसमें टेस्ट के दूसरे दिन भारत 445 रन बनाकर आउट हो गया है।
हैदराबाद में इंग्लैंड ने पहला मैच जीता था और विशाखापत्तनम में भारत ने दूसरा मैच जीत कर बराबरी हासिल की। पाँच टेस्ट मैचों की श्रृंखला 1-1 से बराबर है।
