नई दिल्ली,13 सितंबर (युआईटीवी)- दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली शराब घोटाला मामले के सीबीआई केस जमानत दे दी है। दो न्यायधीशों जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस भुइंया की खंडपीठ ने केजरीवाल को 10 लाख के बॉन्ड पर जमानत दी है।
शीर्ष अदालत ने अपने फैसले में कहा कि,ट्रायल कोर्ट द्वारा शर्तें तय की जाएँगी। सीबीआई द्वारा केजरीवाल के गिरफ्तारी के समय पर जस्टिस उज्जल भुइयां ने गंभीर सवाल उठाया और केंद्रीय एजेंसी द्वारा “देर से की गई गिरफ्तारी” को अनुचित ठहराया। अरविंद केजरीवाल को ईडी ने 21 मार्च को गिरफ्तार किया था और 10 दिनों के पूछताछ के बाद उन्हें तिहाड़ भेज दिया गया था।
सुप्रीम कोर्ट में आम आदमी पार्टी के संयोजक केजरीवाल द्वारा दायर अपनी विशेष अनुमति याचिका में भ्रष्टाचार के मामले में जमानत के लिए दबाव डाला था और अपनी गिरफ्तारी तथा उसके बाद रिमांड के आदेशों को चुनौती भी दी थी। सीएम केजरीवाल को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा दर्ज मनी लॉन्ड्रिंग मामले में सुप्रीम कोर्ट ने 12 जुलाई को अंतरिम जमानत पर रिहा करने के आदेश दिया था। लेकिन,वह जब से वे सीबीआई द्वारा गिरफ्तार किए गए,उसके बाद से वे जेल से बाहर नहीं आ पाए।
सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को आबकारी नीति मामले से जुड़े कथित घोटाले के मामले में जमानत दिए जाने के बाद, शुक्रवार को उनके जेल से बाहर निकलने की खबर है। जेल से बाहर आने के बाद वे आम लोगों से संवाद करेंगे।
आम आदमी पार्टी सांसद राघव चड्ढा ने सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले पर खुशी जताई है। अरविंद केजरीवाल के जेल से बाहर आने पर राघव चड्ढा ने खुशी व्यक्त किया है।
सोशल मीडिया प्लेटफार्म के अपनें हैंडल पर उन्होंने अपनी ख़ुशी जाहिर करते हुए लिखा,“आपको बाहर आने पर स्वागत है। आपको हमने बहुत मिस किया। सत्य परेशान तो हो सकता है,लेकिन पराजित नहीं। अंततः दिल्ली के बेटे अरविंद केजरीवाल को माननीय सुप्रीम कोर्ट ने जेल की बेड़ियों से आजाद करने का फैसला सुना दिया है। माननीय सुप्रीम कोर्ट का शुक्रिया। ”
झूँठ और साज़िशों के ख़िलाफ़ लड़ाई में आज पुनः सत्य की जीत हुई है.
एक बार पुनः नमन करता हूँ बाबा साहेब अंबेडकर जी की सोच और दूरदर्शिता को, जिन्होंने 75 साल पहले ही आम आदमी को किसी भावी तानाशाह के मुक़ाबले मज़बूत कर दिया था. pic.twitter.com/2yJDqz2W6w
— Manish Sisodia (@msisodia) September 13, 2024
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर मनीष सिसोदिया ने अरविंद केजरीवाल के जमानत पर ख़ुशी व्यक्त की और केजरीवाल के हाथ में तिरंगा पकड़े हुए एक फोटो शेयर करते हुए लिखा, “झूठ और साज़िशों के खिलाफ लड़ाई में आज पुनः सत्य की जीत हुई है। बाबा साहेब अंबेडकर जी की सोच और दूरदर्शिता को एक बार पुनः नमन करता हूँ,जिन्होंने आम आदमी को 75 साल पहले ही भावी तानाशाह के मुकाबले मजबूत कर दिया था।”
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर दिल्ली की शिक्षा मंत्री आतिशी ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के जमानत पर खुशी जाहिर करते हुए लिखा,”सत्यमेव जयते.. सत्य परेशान हो सकता है,पराजित नहीं।”
केजरीवाल के जमानत पर जहाँ आम आदमी पार्टी में ख़ुशी का माहौल है,तो वहीं केजरीवाल की जमानत पर बीजेपी ने तंज किया और उनसे इस्तीफे की माँग की है। बीजेपी का कहना है कि अब केजरीवाल जेल वाले सीएम से बेल वाले सीएम बन गए हैं। प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए बीजेपी प्रवक्ता गौरव भाटिया ने केजरीवाल पर निशाना साधते हुए कहा कि केजरीवाल को कोर्ट ने आईना दिखा दिया है,उनमें नैतिकता नहीं बची है। बीजेपी का कहना है कि केजरीवाल की गिरफ्तारी को सुप्रीम कोर्ट ने सही ठहराया है,इसलिए अब अपने पद से उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए।
दिल्ली बीजेपी के अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने केजरीवाल को मिली जमानत पर कहा कि,भले ही केजरीवाल को जमानत मिल गई है,लेकिन अब वे मुख्यमंत्री पद पर बने रहने के हकदार नहीं हैं। उनके पास कोई अधिकार नहीं है कि वे मुख्यमंत्री पद पर बने रहे। मुख्यमंत्री केजरीवाल पर उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि जब वह मुख्यमंत्री का काम ही नहीं कर सकेंगे तो मुख्यमंत्री बने रह कर क्या होगा ?
आगे उन्होंने कहा कि उन्हें सुप्रीम कोर्ट ने शर्तों के साथ जमानत दी है,जो कोई उपलब्धि नहीं है। वीरेंद्र सचदेवा ने अदालत के फैसले का जिक्र करते हुए कहा कि केजरीवाल की गिरफ्तारी को कोर्ट ने स्पष्ट तौर से वैध बताया है।
बता दें कि,दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को सुप्रीम कोर्ट से आबकारी नीति मामले से जुड़े कथित घोटाले के मामले में जमानत मिल गई है। सुप्रीम कोर्ट से उन्हें 10-10 लाख रुपए के दो मुचलके जमा करने के बाद जमानत मिली है। इसके अलावा केजरीवाल से सुप्रीम कोर्ट ने मुकदमे में सहयोग करने के लिए कहा है और इस केस को लेकर किसी भी तरह के सार्वजनिक टिप्पणी करने पर रोक लगाई है।
