इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (तस्वीर क्रेडिट@ocjain4)

मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच पीएम मोदी की नेतन्याहू और यूएई राष्ट्रपति से बातचीत,नागरिकों की सुरक्षा पर दिया जोर

नई दिल्ली,2 मार्च (युआईटीवी)- मिडिल ईस्ट में हालात तेजी से बिगड़ते जा रहे हैं। अमेरिका और इजराइल के संयुक्त सैन्य हमलों के जवाब में ईरान ने पूरे क्षेत्र में अमेरिकी सैन्य ठिकानों और इजराइल को निशाना बनाते हुए मिसाइल हमले शुरू कर दिए हैं। क्षेत्र में जारी इस सैन्य टकराव ने वैश्विक समुदाय की चिंता बढ़ा दी है। इसी बीच भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बातचीत कर मौजूदा स्थिति की जानकारी ली और नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर जोर दिया।

प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि उन्होंने नेतन्याहू से क्षेत्र की वर्तमान स्थिति पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने हाल के घटनाक्रमों पर भारत की चिंताओं को स्पष्ट रूप से रखा और कहा कि आम नागरिकों की सुरक्षा किसी भी परिस्थिति में सबसे ऊपर होनी चाहिए। पीएम मोदी ने अपने संदेश में यह भी दोहराया कि दुश्मनी को जल्द-से-जल्द समाप्त करने की आवश्यकता है,ताकि क्षेत्र में शांति और स्थिरता बहाल की जा सके।

प्रधानमंत्री ने लिखा कि उन्होंने प्रधानमंत्री नेतन्याहू से फोन पर बात कर मौजूदा हालात की जानकारी ली और भारत की ओर से यह संदेश दिया कि बढ़ते सैन्य टकराव के बीच निर्दोष नागरिकों की जान की रक्षा अत्यंत आवश्यक है। भारत ने हमेशा संवाद और कूटनीति के माध्यम से विवादों के समाधान की वकालत की है और इस संकट के समय भी उसने संयम और शांति का आग्रह किया है।

इससे पहले 28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल ने ईरान के खिलाफ संयुक्त सैन्य ऑपरेशन शुरू किया था। इन हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली खामेनेई के मारे जाने की खबर सामने आई,जिसके बाद पूरे क्षेत्र में तनाव और अधिक बढ़ गया। रिपोर्टों के अनुसार इन हमलों में उनके परिवार के कुछ सदस्य भी हताहत हुए। इसके बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए मिडिल ईस्ट में मौजूद अमेरिकी सैन्य अड्डों और इजराइल के विभिन्न ठिकानों पर मिसाइल हमले शुरू कर दिए। बताया जा रहा है कि ईरानी मिसाइलें इजराइल के कई संवेदनशील क्षेत्रों को निशाना बना रही हैं,जबकि अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर भी हमलों की खबरें हैं।

मौजूदा हालात को देखते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने खाड़ी क्षेत्र के महत्वपूर्ण देश संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से भी बातचीत की। उन्होंने यूएई पर हुए हालिया हमलों की कड़ी निंदा की और जानमाल के नुकसान पर गहरा दुख व्यक्त किया। प्रधानमंत्री ने स्पष्ट किया कि इस कठिन समय में भारत यूएई के साथ एकजुटता से खड़ा है।

प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संदेश में लिखा कि उन्होंने यूएई के राष्ट्रपति,जिन्हें उन्होंने अपना भाई बताया,से बात की और हमलों की निंदा करते हुए क्षेत्र में शांति बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने यूएई में रह रहे भारतीय समुदाय की सुरक्षा और देखभाल के लिए वहाँ की सरकार का आभार भी व्यक्त किया। गौरतलब है कि यूएई में बड़ी संख्या में भारतीय प्रवासी रहते हैं,जिनकी सुरक्षा भारत सरकार के लिए विशेष महत्व रखती है।

भारत ने इस पूरे घटनाक्रम पर संतुलित और जिम्मेदार रुख अपनाया है। एक ओर उसने हमलों की निंदा की है,वहीं दूसरी ओर सभी पक्षों से संयम बरतने और तनाव कम करने की अपील की है। विदेश नीति विशेषज्ञों का मानना है कि भारत के लिए मिडिल ईस्ट क्षेत्र रणनीतिक,आर्थिक और ऊर्जा आपूर्ति के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है। ऐसे में क्षेत्रीय अस्थिरता का असर भारत पर भी पड़ सकता है,खासकर तेल कीमतों और प्रवासी भारतीयों की सुरक्षा के संदर्भ में।

मौजूदा संघर्ष ने वैश्विक स्तर पर भी चिंता पैदा कर दी है। अमेरिका और इजराइल के लड़ाकू विमान ईरान के विभिन्न ठिकानों पर बमबारी कर रहे हैं,जबकि ईरान की ओर से मिसाइल और ड्रोन हमले जारी हैं। इस सैन्य टकराव के कारण क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अस्थिरता का खतरा मंडरा रहा है। कई देशों ने अपने नागरिकों को सतर्क रहने और आवश्यक होने पर सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी है।

भारत ने एक बार फिर यह स्पष्ट किया है कि वह क्षेत्रीय शांति,सुरक्षा और स्थिरता का समर्थक है। प्रधानमंत्री मोदी की हालिया बातचीत इसी दिशा में एक कूटनीतिक पहल के रूप में देखी जा रही है,जिसमें उन्होंने सभी पक्षों को नागरिकों की सुरक्षा और संघर्ष को जल्द समाप्त करने की आवश्यकता का संदेश दिया है। आने वाले दिनों में स्थिति किस दिशा में जाती है,यह क्षेत्रीय शक्तियों के फैसलों और कूटनीतिक प्रयासों पर निर्भर करेगा,लेकिन फिलहाल पूरी दुनिया की नजरें मिडिल ईस्ट पर टिकी हुई हैं।