Vrindavan:Widows from Vindavan celebrate Diwali at Keshi Ghat bank of river Yamuna in Vrindavan

‘श्रीकृष्ण भूमि’ में पांच दिवसीय दीपावली उत्सव में शामिल हुईं विधवाएं

आगरा, 21 अक्टूबर (युआईटीवी/आईएएनएस)| पांच दिवसीय दिवाली समारोह ‘श्रीकृष्ण भूमि’ में शुरू हो गया है, जिसमें हजारों तीर्थयात्री और कृष्णभक्त मंदिरों और आश्रमों में आते हैं।

शुक्रवार को वृंदावन में यमुना नदी के किनारे बने आश्रय गृहों में सैकड़ों विधवाओं ने सामाजिक वर्जनाओं और कलंक को तोड़ते हुए मुख्य धारा में शामिल होने के लिए उत्सव में शामिल हुईं। वह काला युग जब विधवाओं को एकांत में रखा जाता था, बहिष्कृत किया जाता था और अशुभ माना जाता था, अब एक भूला हुआ इतिहास है।

वृंदावन में विधवाओं के लिए हिंदू त्योहारों का आयोजन करने के लिए सुलभ इंटरनेशनल की प्रशंसनीय पहल है और अब वृंदावन के स्थानीय लोगों का कहना है कि सामाजिक विभाजन को पाटने से लाभ मिल रहा है। विभिन्न आश्रय गृहों में रहने वाली सौ से अधिक विधवाएं ऐतिहासिक केशी घाट पर एकत्रित हुईं और रोशनी के त्योहार को धूमधाम से मनाने के लिए रंग-बिरंगे दीये जलाएं।

विधवाओं ने घाट को सजाया और सैकड़ों मिट्टी के दीये जलाए। उन्होंने कृष्ण भजन गाए और अन्य भक्तों की उपस्थिति में नृत्य किया। हजारों विधवाएं ज्यादातर पश्चिम बंगाल से, दशकों से वृंदावन में रहती हैं, लेकिन उन्हें 2012 में सामाजिक संगठन सुलभ इंटरनेशनल के बिंदेश्वरी प्रसाद पाठक ने मदद के लिए हाथ बढ़ाने तक, अनुष्ठानों में भाग लेने की अनुमति नहीं दी थी।

पाठक ने कहा, मुझे खुशी है कि हमारी पहल ने समाज को बड़े पैमाने पर प्रभावित किया है और ऐसी बुरी परंपराएं तेजी से गायब हो रही हैं। विधवाओं में से एक, गौरवानी दासी ने कहा- क्रांतिकारी पहलों की श्रृंखला से प्रेरित होकर विधवाएं अब खुश हैं और वृंदावन में रहने का आनंद ले रही हैं।

सुलभ आज 2012 से वृंदावन और वाराणसी में विभिन्न आश्रमों में रहने वाली सैकड़ों विधवाओं की देखभाल करते हैं, समय-समय पर अन्य समारोहों का आयोजन करके विधवाओं के जीवन में खुशी जोड़ते हैं। सुलभ नियमित रूप से उनकी दैनिक जरूरतों को पूरा करने के अलावा उन्हें चिकित्सा सुविधाएं और व्यावसायिक प्रशिक्षण प्रदान करता है ताकि वह कभी भी खुद को अकेला महसूस न करें।

उल्लेखनीय है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के आलोक में सुलभ विभिन्न आश्रमों में रहने वाली विधवाओं की देखभाल करते हैं।

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