बर्न,17 फरवरी (युआईटीवी)- स्विट्जरलैंड में पिछले कुछ दिनों से जारी भीषण बर्फीले तूफान ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। देश के दक्षिणी और अल्पाइन इलाकों में भारी बर्फबारी और तेज हवाओं के कारण सड़क और रेल यातायात ठप हो गया है। सोमवार सुबह एक बड़ा हादसा तब हुआ,जब बर्फीले तूफान की चपेट में आकर एक यात्री ट्रेन पटरी से उतर गई,जिससे पाँच लोग घायल हो गए। मौसम विभाग ने आगामी सप्ताह के लिए भी गंभीर चेतावनी जारी की है,जिससे हालात के जल्द सामान्य होने की संभावना कम नजर आ रही है।
दक्षिण स्विट्जरलैंड में गोपेन्स्टीन गाँव के पास सोमवार सुबह स्थानीय समयानुसार करीब सात बजे यह दुर्घटना हुई। पुलिस अधिकारियों के अनुसार,ट्रेन सुबह 6 बजकर 12 मिनट पर स्पीज से ब्रिग की ओर रवाना हुई थी। अचानक तेज बर्फीले तूफान और पटरियों पर जमा भारी बर्फ के कारण ट्रेन नियंत्रण खो बैठी और पटरी से उतर गई। हादसे के समय ट्रेन में लगभग 80 यात्री सवार थे।
घटना की सूचना मिलते ही राहत और बचाव दल मौके पर पहुँचा। लगभग 30 यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया,जबकि घायलों को हेलीकॉप्टर और एम्बुलेंस की सहायता से नजदीकी अस्पतालों में पहुँचाया गया। अधिकारियों ने बताया कि घायलों की हालत स्थिर है,लेकिन खराब मौसम के कारण बचाव कार्य में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। इलाके में लगातार बर्फबारी और तेज हवाओं ने राहत कार्य को चुनौतीपूर्ण बना दिया।
स्विस मौसम विभाग ने अल्प्स के विस्तृत क्षेत्रों के लिए कैटेगरी 5 का हिमस्खलन अलर्ट जारी किया है,जो खतरे का सबसे ऊँचा और दुर्लभ स्तर माना जाता है। इस स्तर पर बड़े पैमाने पर प्राकृतिक हिमस्खलन की आशंका रहती है,जो न केवल पर्वतीय गतिविधियों बल्कि आबादी वाले क्षेत्रों के लिए भी गंभीर खतरा बन सकता है। प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने और पर्वतीय इलाकों में विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है।
तूफान से पहले ही अल्पाइन क्षेत्रों में कई जानें जा चुकी हैं। रविवार दोपहर दावोस में एक 38 वर्षीय स्नोबोर्डर की हिमस्खलन में दबकर मौत हो गई। वह अपने साथी के साथ ऑफ-पिस्ट क्षेत्र में स्नोबोर्डिंग कर रहा था,जब अचानक भारी बर्फ खिसकने से वह दब गया। ग्राउबंडेन कैंटोनल पुलिस के अनुसार,घटना दोपहर करीब 1:30 बजे पारसेन स्की क्षेत्र में श्वार्जोर्न के नीचे हुई। उसके साथी ने तुरंत रेस्क्यू सर्विस को सूचित किया और खुद भी उसे खोजने की कोशिश की,लेकिन अंततः उसका शव ही बरामद किया जा सका।
लगातार खराब मौसम के कारण कई प्रमुख सड़कें और रेल लाइनें बंद कर दी गई हैं। अधिकारियों का कहना है कि प्रभावित क्षेत्रों में रेल सेवा कम से कम मंगलवार तक बंद रहेगी। कई गाँवों का संपर्क अस्थायी रूप से कट गया है और स्थानीय प्रशासन आपातकालीन व्यवस्थाएँ सुनिश्चित करने में जुटा है। बिजली आपूर्ति और संचार सेवाओं पर भी असर पड़ा है,हालाँकि आपातकालीन सेवाएँ सक्रिय हैं।
इस बीच,स्विट्जरलैंड के बाहर भी अल्पाइन क्षेत्र बर्फीले खतरों से जूझ रहे हैं। शुक्रवार को दक्षिण-पूर्वी फ्रांस के वैल डी’इज़ेर में एक प्रशिक्षक के साथ हिमस्खलन में तीन स्कीयर की मौत हो गई थी,जिनमें दो ब्रिटिश नागरिक शामिल थे। यह घटनाएँ संकेत देती हैं कि पूरे अल्पाइन क्षेत्र में मौसम अत्यंत अस्थिर और खतरनाक बना हुआ है।
विशेषज्ञों का मानना है कि जलवायु परिवर्तन के कारण मौसम के पैटर्न में तेजी से बदलाव हो रहा है,जिससे अचानक और तीव्र बर्फीले तूफानों तथा हिमस्खलनों की घटनाएँ बढ़ सकती हैं। भारी बर्फबारी के बाद तापमान में उतार-चढ़ाव और तेज हवाएँ बर्फ की परतों को अस्थिर बना देती हैं,जिससे हिमस्खलन का जोखिम कई गुना बढ़ जाता है।
स्विस प्रशासन ने स्की रिसॉर्ट्स और पर्वतीय पर्यटन स्थलों को भी सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। कई स्थानों पर स्कीइंग गतिविधियाँ अस्थायी रूप से रोक दी गई हैं और पर्यटकों को सुरक्षित क्षेत्रों में रहने की सलाह दी गई है। राहत एजेंसियाँ और पर्वतीय बचाव दल चौबीसों घंटे तैनात हैं,ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
फिलहाल स्विट्जरलैंड के कई हिस्सों में स्थिति गंभीर बनी हुई है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में भी भारी बर्फबारी और तेज हवाएँ जारी रह सकती हैं। ऐसे में प्रशासन और नागरिकों दोनों के लिए सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव उपाय है।
