चीन और अमेरिका

नियम व सिद्धांतों के बगैर चीन और अमेरिका के सेना के बीच संचार संभव नहीं

2 सितंबर (युआईटीवी)- चीनी रक्षा मंत्रालय द्वारा सवांददाता सम्मलेन का आयोजन किया गया जिसमें पीपुल्स रिपब्लिक ऑफ चाइना के राष्ट्रीय रक्षा मंत्रालय के सूचना ब्यूरो के निदेशक और प्रवक्ता वू छ्येन ने कई सैन्य-संबंधी विशेषकर चीन और अमेरिका सैन्य से जुड़े सवालों के जवाब दिए। उन्होंने कहा कि नियम और सिद्धांत के बिना चीन-अमेरिका सैन्य संचार संभव नहीं है। वैसे तो चीन और अमेरिका के सैन्य आदान-प्रदान के बीच किसी भी तरह का कोई रुकावट नहीं है लेकिन इनके बीच संचार सिद्धांतों का होना अनिवार्य है।

इस वर्ष चीन और अमेरिका के रक्षा मंत्रियों के बीच द्विपक्षीय बैठक शांगरी-ला डायलॉग (एसएलडी) के दौरान सही से वार्ता नहीं होने के वजह से यह विफल रही। इन सबकी चर्चा करते हुए वू छ्येन ने कहा कि अमेरिकी पक्ष के दोनों सेनाओं के बीच कई परेशानियाँ और रुकावटें तो है लेकिन चीन-अमेरिका सैन्य आदान-प्रदान किसी भी तरह से बाधित नहीं हो रही है। दोनों पक्षों के बीच प्रभावी संचार बनाए रखने हेतु सैन्य राजनयिक चैनलों को सहायता ली जा रही है।

हाल ही में यूएस-इंडो पैसिफिक मुख्यालय के सहायक कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल स्टीफन डी. स्केलेंका ने चीन के बारे में कुछ गलत टिप्पणी की थी जिस पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए वू छ्येन कहती हैं कि अमेरिका की ओर से की गई आलोचनात्मक बातें एक तरह से खलनायक की भूमिका निभाती है। आगे उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय सुरक्षा की ओर अमेरिका सेना एक परेशानी का कारण है क्योंकि चीन के समुद्री और हवाई क्षेत्र में अमेरिकी सेना अक्सर सैन्य उकसावे का कार्य करता रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *