ज्योति,ओजस की जोड़ी ने जीता स्वर्ण

तीरंदाजी में ज्योति,ओजस की जोड़ी ने जीता स्वर्ण ; एशियन गेम्‍स में 71 पदक जीतकर भारत ने तोड़ा पिछला रिकॉर्ड

हांगझोऊ,4 अक्टूबर(युआईटीवी)- 19वें एशियाई खेलों में भारत ने आज तीरंदाजी प्रतियोगिताओं में अपना पहला स्वर्ण पदक जीता। कंपाउंड मिश्रित टीम प्रतिस्‍पर्धा में ओजस देवताले और ज्योति सुरेखा वेन्नम की भारतीय जोड़ी ने फूयांग यिनहु स्‍पोर्ट्स सेंटर में खेले गए अपनी प्रतिस्‍पर्धा में सो चैवोन और जू जेहून की दक्षिण कोरियाई जोड़ी को हराकर यह स्वर्ण पदक हासिल किया। इस स्वर्ण पदक को हासिल करते ही उन्होंने भारत को 71वां पदक दिलाया।

कंपाउंड मिश्रित टीम प्रतिस्‍पर्धा में ओजस देवताले और ज्योति सुरेखा वेन्नम की भारतीय जोड़ी ने सो चैवोन और जू जेहून की दक्षिण कोरियाई जोड़ी कड़ी और करीबी मुकाबले 159-158 से हराकर स्वर्ण पदक जीतने में कामयाबी हासिल की।

19वें एशियाई खेल जो हांगझोऊ में खेला जा रहा है,उसमें भारत का यह 16वां स्वर्ण पदक है। इससे पूर्व भारत ने इंडोनेशिया में 2018 संस्करण के एशियाई खेल में कुल 70 पदक जीत कर सर्वश्रेष्‍ठ प्रदर्शन किया था। लेकिन इस बार 71 पदक जीत कर पूर्व के रिकॉर्ड को तोड़कर बेहतर प्रदर्शन किया है। अब तक भारत की झोली में 16 स्वर्ण 26 रजत और 29 कांस्य पदक आ चुके हैं। भारत 71 पदक के साथ 19वें एशियाई खेल में चौथे पायदान पर काबिज है। इस पदक तालिका में चीन पहले स्थान पर,जापान दूसरे स्थान और दक्षिण कोरिया तीसरे स्थान पर है।

कंपाउंड मिश्रित टीम प्रतिस्‍पर्धा के फाइनल में ओजस देवताले और ज्योति सुरेखा वेन्नम की भारतीय जोड़ी को सो चैवोन और जू जेहून की कोरियाई जोड़ी के खिलाफ शुरुआती बढ़त मिली और पहला राउंड भारतीय जोड़ी 40-39 से जीत लिया।

कोरिया के जू जेहून ने 10-10 का स्कोर किया था,जबकि सो चैवोन ने 9-10 का स्कोर किया और उनका कुल स्कोर 39 हुआ। दोनों भारतीयों ने अपने दोनों मौकों में 10-10 का स्‍कोर कर कुल स्कोर 40 किया।

दूसरे राउंड में भी भारतीयों ने अपनी बढ़त बरकरार रखी। दोनों टीमों ने पूरे 40-40 अंक प्राप्त किए।

कोरियाई जोड़ी ने तीसरे राउंड में 40-39 की बढ़त बना ली और स्कोर को 119-119 पर बराबर कर दिया।
ओजस और ज्योति की भारतीय जोड़ी ने अंतिम राउंड में पूरे 40 अंक हासिल किए।जबकि कोरियाई जोड़ी ने 39 अंक ही प्राप्त कर पाए और इस तरह फाइनल में ज्योति और ओजस ने 159-158 से जीतकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया।

एशियाई खेलों में ज्योति और ओजस दोनों का यह पहला पदक था। दोनों अपनी-अपनी एकल प्रतिस्‍पर्धाओं के फाइनल में भी पहुँच चुके हैं। जहाँ वे पदक जीतने प्रबल दावेदार बने हुए हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *