भारतीय पुरुष हॉकी टीम (तस्वीर क्रेडिट@KumariDiya)

भारत ने हॉकी विश्व कप 2026 में पाकिस्तान को 5-3 से दी शिकस्त,हरमनप्रीत सिंह के नेतृत्व में कायम रहा दबदबा

एम्सटेलवीन (नीदरलैंड्स),20 अगस्त (युआईटीवी)- एफआईएच हॉकी विश्व कप 2026 में भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ एक बार फिर अपना दबदबा कायम रखते हुए शानदार जीत दर्ज की है। एम्सटेलवीन के वैगनर स्टेडियम में खेले गए पूल डी के रोमांचक मुकाबले में भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने पाकिस्तान को 5-3 से हराकर अगले दौर में अपनी जगह पक्की कर ली। भारतीय टीम ने पूरे मुकाबले में आक्रामक हॉकी खेली और महत्वपूर्ण मौकों पर गोल दागकर पाकिस्तान को वापसी का पूरा मौका नहीं दिया। वहीं, इस हार के साथ पाकिस्तान का विश्व कप अभियान समाप्त हो गया।

भारत ने मुकाबले की शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया और गेंद पर अपना नियंत्रण बनाए रखा। भारतीय खिलाड़ियों ने शुरुआती मिनटों में ही पाकिस्तान के डिफेंस पर दबाव बनाना शुरू कर दिया। मैच के चौथे मिनट में भारत को पेनल्टी कॉर्नर मिला और कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने इस मौके को बिल्कुल नहीं गंवाया। उन्होंने शानदार ड्रैग फ्लिक के जरिए गेंद को गोल पोस्ट में पहुँचाया और भारत को 1-0 की बढ़त दिला दी। शुरुआती गोल ने भारतीय टीम का आत्मविश्वास बढ़ा दिया और इसके बाद खिलाड़ियों ने पाकिस्तान पर लगातार दबाव बनाए रखा।

भारत ने पहले गोल के कुछ ही मिनट बाद अपनी बढ़त को दोगुना कर दिया। मैच के 11वें मिनट में अभिषेक ने शानदार पास दिया,जिसका मंदीप सिंह ने बेहतरीन तरीके से फायदा उठाया। मंदीप ने गेंद को गोल में पहुँचाकर भारत को 2-0 से आगे कर दिया। पहले क्वार्टर के बाकी समय में पाकिस्तान ने वापसी की कोशिश जरूर की,लेकिन भारतीय डिफेंस ने उसे ज्यादा मौके नहीं दिए। भारतीय टीम ने बेहतर पासिंग,गेंद पर नियंत्रण और आक्रामक खेल के दम पर पहला क्वार्टर 2-0 की बढ़त के साथ समाप्त किया।

दूसरे क्वार्टर में भी भारत ने उसी लय को बरकरार रखा। मैच के 20वें मिनट में भारत को एक और पेनल्टी कॉर्नर मिला। एक बार फिर कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने जिम्मेदारी संभाली और गेंद को गोल में पहुँचाते हुए भारत की बढ़त 3-0 कर दी। हरमनप्रीत की इस सफलता ने भारतीय टीम को और मजबूत स्थिति में पहुँचा दिया। कप्तान के दोनों गोल पेनल्टी कॉर्नर से आए और उन्होंने मैच में अपनी प्रभावी भूमिका साबित की।

हालाँकि, 3-0 से पिछड़ने के बाद पाकिस्तान ने मुकाबले में वापसी की कोशिश तेज कर दी। मैच के 21वें मिनट में पाकिस्तान के हन्नान शाहिद ने गोल दागकर अपनी टीम का खाता खोला। इस गोल से पाकिस्तान को थोड़ी उम्मीद मिली और उसने भारतीय डिफेंस पर दबाव बनाने की कोशिश की,लेकिन भारत ने पाकिस्तान को लगातार ज्यादा देर तक लय में नहीं रहने दिया।

पाकिस्तान के पहले गोल के ठीक दो मिनट बाद भारतीय टीम ने फिर जवाब दिया। अभिषेक ने मैच के 23वें मिनट के आसपास शानदार गोल दागकर भारत की बढ़त को 4-1 कर दिया। इस गोल ने भारतीय टीम की स्थिति को फिर मजबूत कर दिया। पाकिस्तान ने इसके बाद भी आक्रमण जारी रखा और मैच के 24वें मिनट में सुफियान खान ने गोल करके स्कोर 4-2 कर दिया। कुछ ही मिनटों के भीतर दोनों टीमों की ओर से लगातार गोल होने से मुकाबला बेहद रोमांचक हो गया।

इसके बाद दोनों टीमों ने एक-दूसरे के गोल पोस्ट पर दबाव बनाने की कोशिश की। भारतीय टीम की ओर से गेंद पर नियंत्रण बनाए रखने और तेज आक्रमण के जरिए पाकिस्तान के डिफेंस को लगातार चुनौती दी गई। पाकिस्तान के खिलाड़ियों ने भी भारतीय गोल क्षेत्र में पहुँचने के कई प्रयास किए,लेकिन भारत के डिफेंडरों और गोलकीपर ने कई महत्वपूर्ण मौकों पर शानदार बचाव किया।

तीसरे क्वार्टर की शुरुआत में भारत को कुछ चुनौती का सामना करना पड़ा। भारतीय खिलाड़ी सुखजीत सिंह को ग्रीन कार्ड दिखाया गया,जिसके कारण कुछ समय के लिए भारतीय टीम को एक खिलाड़ी के कम होने के साथ खेलना पड़ा। इसके बावजूद भारत ने अपनी रणनीति में ज्यादा बदलाव नहीं होने दिया और पाकिस्तान को इसका फायदा उठाने का बड़ा मौका नहीं दिया।

मैच के 34वें मिनट में भारत ने अपनी बढ़त को फिर मजबूत कर लिया। भारतीय टीम को पेनल्टी स्ट्रोक मिला और हार्दिक सिंह ने इसे गोल में बदलने में कोई गलती नहीं की। उनके इस गोल के साथ भारत 5-2 से आगे हो गया। तीसरे क्वार्टर के दौरान भारत ने संयम के साथ खेलते हुए पाकिस्तान के हमलों का सामना किया और अपनी दो गोल की बढ़त को तीन गोल तक पहुँचा दिया।

चौथे और अंतिम क्वार्टर की शुरुआत पाकिस्तान के लिए अच्छी रही। मैच के 45वें मिनट में हन्नान शाहिद ने अपना दूसरा गोल दागते हुए पाकिस्तान को फिर से मुकाबले में लाने की कोशिश की। इस गोल के बाद स्कोर 5-3 हो गया। पाकिस्तान के खिलाड़ियों ने इसके बाद लगातार आक्रमण किए और भारत के गोल पोस्ट के आसपास दबाव बनाने की कोशिश की। भारतीय टीम के लिए इस समय सबसे बड़ी चुनौती अपनी बढ़त को बनाए रखना और पाकिस्तान को चौथा गोल करने से रोकना था।

भारत ने अंतिम क्वार्टर में धैर्य और अनुभव का शानदार प्रदर्शन किया। पाकिस्तान ने गोल करने के कई प्रयास किए,लेकिन भारतीय डिफेंस ने उसे सफलता हासिल नहीं करने दी। भारतीय खिलाड़ियों ने जरूरत के मुताबिक गेंद पर कब्जा बनाए रखा और पाकिस्तान के आक्रमणों को रोकते रहे। दूसरी ओर,भारत को भी कुछ मौके मिले, लेकिन वह अपनी बढ़त को और मजबूत करने के लिए कोई अतिरिक्त गोल नहीं कर सका।

मुकाबले के अंतिम मिनटों में दोनों टीमों की ओर से गोल करने की कोशिशें जारी रहीं। पाकिस्तान को उम्मीद थी कि वह लगातार दबाव बनाकर स्कोर में अंतर कम कर सकता है, लेकिन भारतीय टीम ने कोई और गोल नहीं होने दिया। हरमनप्रीत सिंह की कप्तानी में भारत ने अंतिम सीटी तक अपनी 5-3 की बढ़त कायम रखी और महत्वपूर्ण जीत हासिल की।

इस जीत के साथ भारत ने एफआईएच हॉकी विश्व कप 2026 के अगले दौर में अपनी जगह पक्की कर ली है। भारतीय टीम के लिए यह जीत कई मायनों में महत्वपूर्ण रही। एक ओर जहाँ टीम ने पाकिस्तान जैसी मजबूत प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ पाँच गोल किए,वहीं दूसरी ओर उसने दबाव के क्षणों में संयम बनाए रखते हुए जीत हासिल की। हरमनप्रीत सिंह ने कप्तान के रूप में दो गोल कर टीम की जीत में अहम योगदान दिया,जबकि मंदीप सिंह, अभिषेक और हार्दिक सिंह ने भी गोल करके भारतीय जीत को मजबूत बनाया।

पाकिस्तान के लिए यह हार बेहद निराशाजनक रही। टीम ने मुकाबले में वापसी की कई कोशिशें कीं और हन्नान शाहिद के दो गोल तथा सुफियान खान के एक गोल ने मैच को कई मौकों पर रोमांचक बनाया,लेकिन भारतीय टीम की मजबूत शुरुआत और लगातार आक्रामक प्रदर्शन के कारण पाकिस्तान जीत की स्थिति तक नहीं पहुँच सका। 5-3 की हार के साथ उसका विश्व कप अभियान समाप्त हो गया।

भारत और पाकिस्तान के बीच हॉकी मुकाबले हमेशा से ही बेहद रोमांचक और भावनात्मक माने जाते हैं। विश्व कप जैसे बड़े मंच पर दोनों टीमों के बीच मुकाबले का महत्व और भी बढ़ जाता है। इस बार भारतीय टीम ने शुरुआत से लेकर अंत तक बेहतर नियंत्रण दिखाया और महत्वपूर्ण मौकों पर गोल करके मुकाबला अपने पक्ष में किया। अब भारतीय टीम की नजर अगले दौर में बेहतर प्रदर्शन करते हुए विश्व कप के खिताब की दौड़ में आगे बढ़ने पर होगी।