नई दिल्ली, 9 अक्टूबर (युआईटीवी)| सामूहिक रूप से 5,000 टन की रीसाइक्लिंग क्षमता होने के बावजूद, वे अभी भी 6,500 टन के दैनिक मलबा उत्पादन को पूरा करने से पीछे हैं। केजरीवाल ने इस अंतर को पाटने के लिए ओखला में 1,000 टन की रीसाइक्लिंग क्षमता के साथ एक अतिरिक्त सी एंड डी प्लांट बनाने की योजना की घोषणा की। इसके अलावा, मौजूदा संयंत्रों की क्षमता में मामूली वृद्धि होगी।
इन सी एंड डी अपशिष्ट पुनर्चक्रण संयंत्रों का प्राथमिक उद्देश्य निर्माण और विध्वंस कचरे को टाइल्स और ईंटों जैसी पुन: प्रयोज्य सामग्रियों में परिवर्तित करना है। केजरीवाल ने जोर देकर कहा कि आम आदमी पार्टी (आप) के पारदर्शी शासन ने दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) में भ्रष्टाचार को काफी कम कर दिया है और कर्मचारियों को अब समय पर वेतन मिलता है। उन्होंने इसकी तुलना पिछले परिदृश्य से की, जहां कर्मचारी अक्सर कई महीनों तक बिना वेतन के रहते थे और एमसीडी अपने भ्रष्टाचार के लिए कुख्यात थी।
केजरीवाल ने इस अवसर का उपयोग दिल्लीवासियों से शहर को स्वच्छ और पर्यावरण-अनुकूल बनाने के प्रयासों में सक्रिय रूप से भाग लेने का आग्रह करने के लिए किया। नए उद्घाटन किए गए रीसाइक्लिंग प्लांट में अत्याधुनिक तकनीक शामिल है जो वायु प्रदूषण उत्पन्न नहीं करती है। यह जीरो डिस्चार्ज तकनीक का उपयोग करता है और निम्न ध्वनि स्तर बनाए रखता है। हरित सिद्धांतों के प्रति एक मजबूत प्रतिबद्धता के साथ, संयंत्र प्रभावशाली 90-95% जल पुनर्चक्रण दर प्राप्त करता है और अपशिष्ट जल के निर्वहन को समाप्त करता है। यह अधिक टिकाऊ और पर्यावरण के प्रति जागरूक दिल्ली की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

