दिल्ली में रविवार तक स्‍कूल-कॉलेज बंद, वर्क फ्रॉम होम की एडवाइजरी

दिल्ली में रविवार तक स्‍कूल-कॉलेज बंद, वर्क फ्रॉम होम की एडवाइजरी

नई दिल्ली, 13 जुलाई (युआईटीवी/आईएएनएस)- राष्‍ट्रीय राजधानी में बाढ़ की स्थिति को देखते हुए दिल्ली के उपराज्यपाल वी.के. सक्सेना ने गुरुवार को निजी प्रतिष्ठानों के लिए रविवार (16 जुलाई) तक घर से काम करने की एडवाइजरी जारी की है। साथ ही सभी स्‍कूल-कॉलेजों को बंद रखने का निर्देश भी दिया गया है।

उन्‍होंने अधिकारियों को राहत शिविरों में पर्याप्त भोजन, पीने का पानी, चिकित्सा सहायता और मोबाइल शौचालय सुनिश्चित करने का निर्देश भी दिया।

उपराज्यपाल कार्यालय ने एक बयान में कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में स्कूल और निजी कॉलेज रविवार तक बंद रहेंगे।

यह निर्णय उपराज्यपाल की अध्यक्षता में दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) की बैठक के दौरान लिए गए। उन्होंने लोगों से अनावश्यक यात्रा और आवागमन से बचने का अनुरोध किया।

शहर में सक्रिय 12 एनडीआरएफ टीमों के अलावा, बाढ़ की आशंका वाले स्थानों पर राहत और बचाव उपायों में सहायता के लिए अतिरिक्त टीमें तैनात की गई हैं।

बैठक में पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए वजीराबाद, चंद्रावल और ओखला में जल उपचार संयंत्रों को बंद करने के मद्देनजर शहर में पानी की राशनिंग पर भी चर्चा हुई।

बैठक में लिए गए अन्य निर्णय हैं: आईएसबीटी, कश्मीरी गेट आने वाली अंतरराज्यीय बसों को सिंघू बॉर्डर पर रोका जाएगा, और वहां से यात्रियों को लाने-ले जाने के लिए डीटीसी बसें उपलब्ध कराई जाएंगी। स्थिति में सुधार होने तक कश्मीरी गेट और उसके आसपास के व्यापारिक और वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों को बंद करने के लिए कहा गया है।

बैठक में बताया गया कि बाढ़ग्रस्त इलाकों से निकाले गए लोगों को पड़ोसी सरकारी स्कूल भवनों में स्थानांतरित किया जाएगा।

प्रभावित क्षेत्रों में यातायात प्रबंधन के लिए अतिरिक्त कर्मियों को तैनात किया जाएगा। यह निर्णय लिया गया कि चिल्ला, लोनी और बदरपुर में प्रतिबंधित प्रवेश लागू किया जाएगा, केवल आवश्यक सामान ले जाने वाले भारी वाहनों को अनुमति दी जानी चाहिए।

बैठक में सोनिया विहार, मुखर्जी नगर और हकीकत नगर जैसे क्षेत्रों के लिए एहतियाती और सक्रिय राहत और निवारक उपाय करने पर भी चर्चा हुई।

बयान में कहा गया है, “बढ़ते जल स्तर के कारण बंद किए गए श्मशान घाटों के आसपास के शवदाहगृह स्थिति में सुधार होने तक बंद रहेंगे। शहर में स्वास्थ्य ढांचा किसी भी स्थिति के लिए सतर्क रहेगा और पानी कम होने के बाद स्थिति को संभालने के लिए तैयारी सुनिश्चित करेगा।”

बैठक में दिल्ली के मुख्यमंत्री और डीडीएमए के उपाध्यक्ष अरविंद केजरीवाल, राजस्व मंत्री आतिशी, जल, सिंचाई और बाढ़ नियंत्रण मंत्री सौरभ भारद्वाज, संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और अन्य लोग शामिल हुए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *