नई दिल्ली,27 जून (युआईटीवी)- आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रही अमेरिकी कंपनी ओपन एआई ने अपने बहुप्रतीक्षित जीपीटी-5.6 मॉडल्स की लॉन्चिंग को फिलहाल सीमित दायरे में रखने का फैसला किया है। कंपनी ने घोषणा की है कि उसके नए मॉडल शुरुआती चरण में केवल चुनिंदा और भरोसेमंद साझेदारों के लिए लिमिटेड प्रीव्यू के रूप में उपलब्ध कराए जाएँगे। कंपनी का कहना है कि अगले कुछ सप्ताह के भीतर इन मॉडलों को व्यापक स्तर पर उपयोगकर्ताओं के लिए उपलब्ध कराने की योजना है। इस फैसले को कृत्रिम बुद्धिमत्ता के तेजी से विकसित हो रहे क्षेत्र में सुरक्षा,नियामकीय पारदर्शिता और तकनीकी परीक्षण के लिहाज से एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
ओपन एआई ने अपने नए मॉडल्स को तीन अलग-अलग श्रेणियों में पेश किया है,जिनके नाम ‘सोल’, ‘टेरा’ और ‘लूना’ रखे गए हैं। कंपनी के अनुसार इन तीनों मॉडलों को अलग-अलग प्रकार के उपयोगकर्ताओं और कार्यों को ध्यान में रखते हुए विकसित किया गया है। इनका उद्देश्य वैज्ञानिक अनुसंधान,सॉफ्टवेयर विकास,व्यावसायिक समाधान और कम लागत वाले एआई अनुप्रयोगों के लिए अधिक सक्षम और प्रभावी विकल्प उपलब्ध कराना है।
कंपनी के मुताबिक जीपीटी-5.6 श्रृंखला में सबसे बड़े सुधार रीजनिंग यानी तार्किक विश्लेषण,कोडिंग और साइबर सुरक्षा से जुड़े क्षेत्रों में किए गए हैं। ओपन एआई का दावा है कि ये मॉडल जटिल समस्याओं का बेहतर विश्लेषण करने,कठिन प्रोग्रामिंग कार्यों को अधिक सटीकता से पूरा करने और साइबर सुरक्षा से जुड़े परिदृश्यों को पहले की तुलना में अधिक प्रभावी ढंग से समझने में सक्षम होंगे। यही वजह है कि कंपनी ने इनके सार्वजनिक लॉन्च से पहले अतिरिक्त परीक्षण और मूल्यांकन को प्राथमिकता दी है।
ओपन एआई ने यह भी खुलासा किया कि इन नए मॉडलों को लॉन्च करने से पहले उनकी क्षमताओं की जानकारी अमेरिकी सरकार के साथ साझा की गई थी। कंपनी के अनुसार सरकार ने हाल ही में जारी साइबर सुरक्षा से संबंधित कार्यकारी आदेश के तहत उन्नत कृत्रिम बुद्धिमत्ता मॉडलों के मूल्यांकन के लिए एक व्यापक ढाँचा तैयार करने की आवश्यकता जताई थी। इसी अनुरोध को ध्यान में रखते हुए कंपनी ने इन मॉडलों की शुरुआती उपलब्धता सीमित रखने का निर्णय लिया,ताकि संभावित जोखिमों और सुरक्षा पहलुओं का गहन परीक्षण किया जा सके।
हालाँकि,कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया कि वह नहीं चाहती कि सरकार द्वारा लॉन्च से पहले प्रीव्यू और मूल्यांकन की यह प्रक्रिया भविष्य में स्थायी नियम बन जाए। ओपन एआई का मानना है कि सुरक्षा और नवाचार के बीच संतुलन बनाए रखना आवश्यक है। कंपनी का कहना है कि वह जिम्मेदार एआई विकास का समर्थन करती है,लेकिन तकनीकी प्रगति को अत्यधिक नियामकीय प्रक्रियाओं से धीमा नहीं किया जाना चाहिए।
ओपन एआई ने बताया कि आने वाले कुछ सप्ताहों में जीपीटी-5.6 मॉडल्स को चरणबद्ध तरीके से चैटजीपीटी,एपीआई और कोडेक्स प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराया जाएगा। इससे व्यक्तिगत उपयोगकर्ताओं,डेवलपर्स और कॉर्पोरेट ग्राहकों को इन नई क्षमताओं का लाभ मिलेगा। कंपनी का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सार्वजनिक स्तर पर उपलब्ध कराने से पहले सभी आवश्यक परीक्षण सफलतापूर्वक पूरे हो जाएँ।
कंपनी ने ‘सोल’ को जीपीटी-5.6 श्रृंखला का प्रमुख और सबसे शक्तिशाली मॉडल बताया है। यह विशेष रूप से कठिन वैज्ञानिक अनुसंधान,जटिल विश्लेषण,उन्नत कोडिंग और बहु-स्तरीय निर्णय लेने वाले कार्यों के लिए विकसित किया गया है। कंपनी के अनुसार इसमें अधिकतम तार्किक प्रयास और अल्ट्रा मोड जैसे विशेष फीचर शामिल किए गए हैं,जिनकी सहायता से यह अत्यंत जटिल समस्याओं का समाधान पहले की तुलना में अधिक प्रभावी ढंग से कर सकेगा।
ओपन एआई ने यह भी बताया कि ‘सोल’ मॉडल जुलाई से चुनिंदा ग्राहकों के लिए सेरेब्रस हार्डवेयर पर उपलब्ध कराया जाएगा। कंपनी का दावा है कि यह मॉडल लगभग 750 टोकन प्रति सेकंड की गति से कार्य करने में सक्षम होगा। इतनी अधिक प्रोसेसिंग गति के कारण यह बड़े अनुसंधान प्रोजेक्ट,जटिल प्रोग्रामिंग,वैज्ञानिक गणनाओं और मल्टी-स्टेप विश्लेषण जैसे कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
वहीं ‘टेरा’ मॉडल को एंटरप्राइज ग्राहकों और डेवलपर्स की आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। कंपनी के अनुसार यह मॉडल प्रदर्शन और लागत के बीच बेहतर संतुलन प्रदान करता है। ओपन एआई का कहना है कि ‘टेरा’ लगभग जीपीटी-5.5 के समान क्षमता उपलब्ध कराता है,लेकिन इसकी परिचालन लागत लगभग आधी है। इससे कंपनियों और डेवलपर्स के लिए उन्नत एआई समाधान अपनाना अधिक किफायती हो सकेगा।
तीसरे मॉडल ‘लूना’ को सबसे तेज और कम लागत वाला विकल्प बताया गया है। इसे विशेष रूप से उन उपयोगकर्ताओं और संगठनों के लिए विकसित किया गया है,जिन्हें बड़ी मात्रा में एआई सेवाओं का उपयोग कम खर्च में करना होता है। कंपनी का कहना है कि यह मॉडल हल्के कार्यों,तेज प्रतिक्रिया और बड़े पैमाने पर एआई आधारित सेवाओं के लिए उपयुक्त रहेगा।
सेरेब्रस सिस्टम्स,जिस हार्डवेयर पर ‘सोल’ मॉडल उपलब्ध कराया जाएगा,आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कंप्यूटिंग के क्षेत्र की अग्रणी कंपनियों में शामिल है। यह कंपनी उच्च प्रदर्शन वाले एआई प्रोसेसर और विशेष कंप्यूटिंग प्लेटफॉर्म विकसित करने के लिए जानी जाती है। ओपन एआई का मानना है कि इस हार्डवेयर के साथ नया मॉडल अधिक गति और बेहतर दक्षता प्रदान करेगा।
इस बीच अमेरिका की एक अन्य प्रमुख एआई कंपनी एन्थ्रोपिक भी चर्चा में है। कंपनी को अपने शक्तिशाली ‘मिथोस 5’ मॉडल को दोबारा सीमित रूप से उपलब्ध कराने की मंजूरी मिल गई है। यह अनुमति राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी चिंताओं का समाधान प्रस्तुत करने के बाद दी गई है। शुरुआती चरण में यह मॉडल भी केवल कुछ भरोसेमंद साझेदारों के लिए उपलब्ध रहेगा।
गौरतलब है कि दो सप्ताह पहले अमेरिकी सरकार ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए विदेशी नागरिकों को ‘मिथोस 5’ और ‘फेबल 5’ जैसे उन्नत एआई मॉडलों तक पहुँच देने पर रोक लगा दी थी। सरकार का तर्क था कि अत्यधिक शक्तिशाली कृत्रिम बुद्धिमत्ता प्रणालियों का उपयोग यदि पर्याप्त सुरक्षा उपायों के बिना किया गया,तो राष्ट्रीय सुरक्षा और साइबर सुरक्षा से जुड़े जोखिम बढ़ सकते हैं।
ओपन एआई और एन्थ्रोपिक के हालिया फैसले यह संकेत देते हैं कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता के क्षेत्र में अब केवल नई तकनीक विकसित करना ही पर्याप्त नहीं माना जा रहा,बल्कि उसके सुरक्षित,जिम्मेदार और नियंत्रित उपयोग पर भी उतना ही जोर दिया जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में उन्नत एआई मॉडल्स के विकास के साथ-साथ उनकी सुरक्षा,पारदर्शिता और नियामकीय निगरानी वैश्विक स्तर पर प्रमुख विषय बने रहेंगे। ऐसे में जीपीटी-5.6 श्रृंखला की सीमित शुरुआत भविष्य में एआई उद्योग के लिए एक नई कार्यप्रणाली की दिशा तय कर सकती है।
