‘राजा शिवाजी’ रिलीज से पहले रितेश-जेनेलिया ने मंदिर में किया पूजन (तस्वीर क्रेडिट@filmfare)

‘राजा शिवाजी’ रिलीज से पहले रितेश-जेनेलिया ने मंदिर में किया पूजन,भव्य स्वागत के बीच फिल्म को मिली शुभकामनाएँ

मुंबई,27 अप्रैल (युआईटीवी)- बहुप्रतीक्षित ऐतिहासिक फिल्म राजा शिवाजी की रिलीज से पहले अभिनेता-निर्देशक रितेश देशमुख और अभिनेत्री जेनेलिया देशमुख ने महाराष्ट्र के ठाणे जिले के भिवंडी स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज मंदिर में पहुँचकर पूजा-अर्चना की और अपनी फिल्म की सफलता के लिए आशीर्वाद लिया। इस दौरान मंदिर परिसर में श्रद्धा, उत्साह और सांस्कृतिक रंगों का अनोखा संगम देखने को मिला।

मंदिर में आयोजित इस विशेष कार्यक्रम में रितेश और जेनेलिया ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार आरती की। महाआरती के दौरान वातावरण भक्तिमय हो गया और ढोल-ताशों की गूँज ने पूरे परिसर को उत्सव के माहौल में बदल दिया। इस अवसर पर स्थानीय लोगों और प्रशंसकों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी,जो अपने पसंदीदा कलाकारों की एक झलक पाने के लिए घंटों से इंतजार कर रहे थे। दोनों कलाकारों ने भी अपने प्रशंसकों से मुलाकात की और उनसे बातचीत कर उनका अभिवादन स्वीकार किया।

कार्यक्रम में पारंपरिक मराठी संस्कृति की झलक साफ नजर आई। कई महिलाएँ नववारी साड़ी पहनकर इस आयोजन का हिस्सा बनीं,जिससे माहौल और भी रंगीन हो गया। मंदिर परिसर को खास तौर पर सजाया गया था और ‘राजा शिवाजी’ थीम पर आधारित एक आकर्षक रंगोली भी बनाई गई थी,जिसने सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा। यह पूरा आयोजन फिल्म के प्रति लोगों के उत्साह और जुड़ाव को दर्शाता है।

फिल्म ‘राजा शिवाजी’ रितेश देशमुख के करियर की एक महत्वपूर्ण परियोजना मानी जा रही है। इस फिल्म का निर्देशन,लेखन और निर्माण स्वयं रितेश ने किया है,साथ ही इसमें उन्होंने मुख्य भूमिका भी निभाई है। इस तरह यह प्रोजेक्ट उनके लिए बेहद खास बन जाता है। फिल्म में उनके साथ कई बड़े कलाकार नजर आएँगे,जिनमें संजय दत्त,अभिषेक बच्चन, विद्या बालन,महेश मांजरेकर,सचिन खेडेकर,बोमन ईरानी, भाग्यश्री और फरदीन खान जैसे नाम शामिल हैं।

यह फिल्म मराठा साम्राज्य के संस्थापक छत्रपति शिवाजी महाराज के जीवन पर आधारित है,जिन्हें भारतीय इतिहास के महान योद्धाओं में गिना जाता है। उन्होंने दक्कन की सल्तनतों और मुगल साम्राज्य को चुनौती देते हुए एक स्वतंत्र राज्य की स्थापना की थी। फिल्म में उनके संघर्ष,रणनीति और वीरता को बड़े पैमाने पर दर्शाने की कोशिश की गई है।

इतिहास के एक महत्वपूर्ण अध्याय को भी इस फिल्म में दिखाया गया है,जिसमें 1663 में पुणे पर शिवाजी महाराज के नेतृत्व में किए गए हमले का उल्लेख है। इस अभियान में उन्होंने मुगल सेनापति शाहिस्ता खान को निशाना बनाया था,जिससे मुगलों की पकड़ कमजोर हुई और मराठा शक्ति को मजबूती मिली। फिल्म में इस तरह के कई ऐतिहासिक प्रसंगों को भव्यता के साथ प्रस्तुत करने का प्रयास किया गया है।

तकनीकी दृष्टि से भी ‘राजा शिवाजी’ एक बड़े स्तर की फिल्म मानी जा रही है। इसके सिनेमैटोग्राफी की जिम्मेदारी मशहूर कैमरामैन संतोष सिवन ने सँभाली है,जिनकी गिनती भारतीय सिनेमा के बेहतरीन तकनीशियनों में होती है। वहीं,संपादन का कार्य उर्वशी सक्सेना ने किया है,जिन्होंने फिल्म को सटीक और प्रभावशाली रूप देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

इस फिल्म को जियो स्टूडियोज द्वारा प्रस्तुत किया जा रहा है,जबकि इसका निर्माण मुंबई फिल्म कंपनी के बैनर तले किया गया है। फिल्म को ज्योति देशपांडे और जेनेलिया देशमुख का भी समर्थन प्राप्त है। यह फिल्म मराठी,हिंदी और तेलुगु सहित कई भाषाओं में 1 मई को दुनियाभर के सिनेमाघरों में रिलीज होने जा रही है।

रिलीज से पहले इस तरह मंदिर में जाकर आशीर्वाद लेना भारतीय फिल्म इंडस्ट्री की एक पुरानी परंपरा रही है,जिसे कलाकार आज भी निभाते हैं। रितेश और जेनेलिया का यह कदम न केवल उनकी आस्था को दर्शाता है,बल्कि यह भी बताता है कि वे इस फिल्म को लेकर कितने भावनात्मक रूप से जुड़े हुए हैं।

फिलहाल,दर्शकों के बीच ‘राजा शिवाजी’ को लेकर काफी उत्साह देखा जा रहा है। भव्य स्टारकास्ट,मजबूत कहानी और ऐतिहासिक पृष्ठभूमि के चलते यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर बड़ा असर डाल सकती है। अब देखना यह होगा कि रिलीज के बाद यह फिल्म दर्शकों की उम्मीदों पर कितनी खरी उतरती है।