नई दिल्ली,29 अक्टूबर (युआईटीवी)- ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट टीम को अनुभवी बल्लेबाज स्टीव स्मिथ की वापसी के लिए दिसंबर में न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली घरेलू टेस्ट सीरीज तक इंतजार करना पड़ सकता है। गर्दन में लगी चोट के कारण स्मिथ दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ केपटाउन में खेले जा रहे निर्णायक टेस्ट मैच से बाहर हो गए हैं। मेडिकल जांच में उनके गर्दन के जोड़ में चोट की पुष्टि हुई है। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने स्पष्ट किया है कि स्मिथ फिलहाल इलाज और पुनर्वास की प्रक्रिया से गुजरेंगे और आगामी घरेलू टेस्ट सीरीज तक पूरी तरह फिट होने की उम्मीद है। उनकी गैरमौजूदगी में जोश इंग्लिस को टेस्ट टीम में वापसी का मौका मिला,जिसका उन्होंने शानदार फायदा उठाया। शुरुआती दो विकेट जल्दी गिरने के बाद इंग्लिस ने दबाव में बल्लेबाजी करते हुए नाबाद 85 रन बनाए और ऑस्ट्रेलिया को मजबूत स्थिति में पहुँचाने में अहम भूमिका निभाई।
स्टीव स्मिथ को पिछले सप्ताह गेबेरहा में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ दूसरे टेस्ट मैच के चौथे दिन गर्दन में दर्द महसूस हुआ था। शुरुआत में इस परेशानी के बावजूद उनकी स्थिति पर नजर रखी जा रही थी,लेकिन दर्द बने रहने और गर्दन की गतिविधियों में परेशानी होने के कारण उनके तीसरे टेस्ट में खेलने पर सवाल खड़े हो गए।
इसके बाद कराए गए एमआरआई स्कैन में सर्वाइकल फैसेट जॉइंट में चोट की पुष्टि हुई। गर्दन के इन जोड़ों का संबंध गर्दन की गतिविधियों और उसकी स्थिरता से होता है। इस तरह की चोट के कारण गर्दन घुमाने और सामान्य गतिविधियाँ करने में परेशानी हो सकती है। क्रिकेट जैसे खेल में बल्लेबाजी करते समय गेंद को देखने,सिर की स्थिति बनाए रखने और तेजी से प्रतिक्रिया देने के लिए गर्दन की सामान्य गतिविधि महत्वपूर्ण होती है।
मेडिकल जाँच के नतीजों के बाद ऑस्ट्रेलियाई टीम प्रबंधन ने स्मिथ को निर्णायक टेस्ट से बाहर रखने का फैसला किया। अनुभवी बल्लेबाज की अनुपस्थिति टीम के लिए बड़ा झटका है,क्योंकि वह लंबे समय से ऑस्ट्रेलिया की टेस्ट बल्लेबाजी के प्रमुख खिलाड़ियों में शामिल रहे हैं।
क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने अपने बयान में कहा, “पिछले हफ्ते गेबेरहा में दूसरे टेस्ट के चौथे दिन स्टीव स्मिथ को गर्दन में दर्द हुआ। बाद में एमआरआई स्कैन से सर्वाइकल फैसेट जॉइंट में चोट की पुष्टि हुई। इस चोट और गर्दन की सीमित हलचल के कारण,वह मौजूदा टेस्ट मैच में खेलने के लिए फिट नहीं थे।”
बोर्ड ने आगे बताया कि स्मिथ का इलाज और पुनर्वास जारी रहेगा। उम्मीद है कि वह न्यूजीलैंड के खिलाफ आगामी घरेलू टेस्ट सीरीज के लिए पूरी तरह फिट होकर वापसी करेंगे। हालाँकि,उनकी वास्तविक वापसी इस बात पर निर्भर करेगी कि पुनर्वास के दौरान उनकी स्थिति में कितना सुधार होता है और मेडिकल टीम उन्हें खेलने के लिए कब फिट घोषित करती है।
स्टीव स्मिथ के बाहर होने से जोश इंग्लिस के लिए ऑस्ट्रेलिया की टेस्ट टीम में वापसी का रास्ता खुल गया। बुधवार को मिले इस अवसर का उन्होंने भरपूर फायदा उठाया और दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ अपनी बल्लेबाजी से सभी का ध्यान खींचा।
मैच में ऑस्ट्रेलिया की शुरुआत अच्छी नहीं रही थी। टीम ने जल्दी-जल्दी दो विकेट गंवा दिए, जिससे बल्लेबाजों पर दबाव बढ़ गया। ऐसे समय में इंग्लिस ने संयम और आक्रामकता के बीच अच्छा संतुलन बनाया। उन्होंने विकेट पर टिककर बल्लेबाजी की और खराब शुरुआत के बावजूद टीम की पारी को सँभाल लिया।
इंग्लिस दिन का खेल समाप्त होने तक 85 रन बनाकर नाबाद रहे। उनकी पारी की बदौलत ऑस्ट्रेलिया ने अपनी पहली पारी में चार विकेट पर 330 रन बना लिए और दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ एक रन की मामूली बढ़त हासिल कर ली।
इंग्लिस के लिए यह पारी इसलिए भी महत्वपूर्ण है,क्योंकि उन्होंने लंबे अंतराल के बाद टेस्ट क्रिकेट में वापसी की है। पिछले साल एशेज सीरीज के अंतिम मुकाबले के बाद यह उनका पहला टेस्ट मैच है। सीमित ओवरों के क्रिकेट में अपनी प्रतिभा दिखा चुके इंग्लिस ने अब टेस्ट प्रारूप में भी दबाव का सामना करने की क्षमता का परिचय दिया।
जोश इंग्लिस की बल्लेबाजी से उनके साथी खिलाड़ी मैथ्यू रेनशॉ भी प्रभावित नजर आए। उन्होंने कहा कि इंग्लिस ने उस समय टीम की जरूरत के मुताबिक बल्लेबाजी की,जब शुरुआती विकेट गिरने के कारण ऑस्ट्रेलिया दबाव में था।
रेनशॉ ने इंग्लिस की प्रतिभा की तारीफ करते हुए कहा कि उन्हें वनडे और टी20 जैसे सीमित ओवरों के प्रारूपों में भी इसी तरह की बल्लेबाजी करते देखा गया है। उनके अनुसार,इंग्लिस ने क्रीज पर उतरने के बाद सकारात्मक रवैया अपनाया और टीम को मुश्किल परिस्थिति से निकालने में मदद की।
रेनशॉ ने कहा, “वह बहुत प्रतिभाशाली खिलाड़ी हैं,हमने उन्हें कई व्हाइट-बॉल प्रारूपों में ऐसा करते देखा है। आज जब हम मैदान पर उतरे,तो हम पर थोड़ा दबाव था क्योंकि हमने जल्दी-जल्दी दो विकेट गंवा दिए थे। हालाँकि,जिस तरह से उन्होंने बल्लेबाजी की, वह बहुत सकारात्मक था। यह एकदम उनके अंदाज वाली पारी थी।”
रेनशॉ की इस प्रतिक्रिया से पता चलता है कि ऑस्ट्रेलियाई खेमे में इंग्लिस की पारी को काफी महत्व दिया जा रहा है। टीम को जिस समय स्थिरता की जरूरत थी,उस समय उन्होंने विकेट पर टिककर रन बनाए और विपक्षी गेंदबाजों के सामने चुनौती पेश की।
दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ तीसरे टेस्ट में स्मिथ की अनुपस्थिति के बावजूद ऑस्ट्रेलिया ने पहली पारी में अच्छी वापसी की है। चार विकेट पर 330 रन का स्कोर और एक रन की बढ़त टीम के लिए सकारात्मक संकेत हैं। हालाँकि,मुकाबले का अंतिम परिणाम आगे के खेल और दोनों टीमों के प्रदर्शन पर निर्भर करेगा।
स्मिथ की चोट ने ऑस्ट्रेलिया के सामने एक चुनौती जरूर खड़ी की है,लेकिन इंग्लिस की शानदार पारी ने टीम को राहत दी है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि वह अपनी इस लय को आगे भी बरकरार रख पाते हैं या नहीं।
दूसरी ओर,स्मिथ के लिए प्राथमिकता पूरी तरह फिट होकर मैदान पर लौटना होगी। न्यूजीलैंड के खिलाफ दिसंबर में होने वाली घरेलू टेस्ट सीरीज उनके लिए वापसी का संभावित लक्ष्य है। ऑस्ट्रेलियाई टीम को उम्मीद होगी कि उनका अनुभव और बल्लेबाजी क्षमता जल्द ही फिर से टीम के काम आएगी।
फिलहाल,स्मिथ का इलाज और पुनर्वास जारी रहेगा,जबकि इंग्लिस के पास निर्णायक टेस्ट में अपने प्रदर्शन से टीम में जगह मजबूत करने का सुनहरा अवसर है। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ दबाव में खेली गई उनकी नाबाद 85 रन की पारी ने साबित किया है कि जरूरत पड़ने पर वह टीम की जिम्मेदारी उठाने के लिए तैयार हैं।
