बेंगलुरु,29 अक्टूबर (युआईटीवी)- बेंगलुरु के बारिश से भीगे आसमान के नीचे, रोटरी डिस्ट्रिक्ट 3192 के 400 से अधिक रोटेरियन, रोटारेक्टर और इंटरैक्टर एकजुटता, सेवा और जन-प्रतिबद्धता का एक शानदार उदाहरण पेश करने के लिए एक साथ आए। मौसम में नमी होने के बावजूद, प्रतिभागियों का उत्साह कम नहीं हुआ। 21 रोटरी क्लबों के सदस्य एमजी रोड की सड़कों पर उतरे और शहर के मुख्य हिस्से को पोलियो जागरूकता के जीवंत संदेशों से भर दिया।
विश्व पोलियो दिवस जागरूकता वॉकथॉन ने बेंगलुरु की एक व्यस्त सुबह को सामूहिक कार्रवाई के आह्वान में बदल दिया। इसने नागरिकों को याद दिलाया कि पोलियो के खिलाफ लड़ाई के लिए निरंतर जागरूकता,लगातार टीकाकरण और सभी पीढ़ियों के समुदायों की भागीदारी की आवश्यकता है।
हर साल 24 अक्टूबर को मनाए जाने वाले ‘विश्व पोलियो दिवस’ के अवसर पर आयोजित इस पहल ने दुनिया भर से पोलियो को खत्म करने के लिए रोटरी की लंबे समय से चली आ रही प्रतिबद्धता को फिर से दोहराया। “एक दिन, एक लक्ष्य: पोलियो का खात्मा” के संदेश के साथ,इस वॉकथॉन ने हर बच्चे को इस रोकी जा सकने वाली और जानलेवा बीमारी से बचाने के महत्व पर जोर दिया।
यह वॉकथॉन एमजी रोड मेट्रो स्टेशन से शुरू होकर बेंगलुरु के मुख्य हिस्सों से गुजरी और कब्बन पार्क के पास स्थित महात्मा गांधी की प्रतिमा के पास संपन्न हुई। इस रास्ते ने प्रतिभागियों को आम जनता से जुड़ने,जागरूकता बढ़ाने और पोलियो उन्मूलन का संदेश सीधे शहर के निवासियों और आने-जाने वाले लोगों तक पहुँचाने का अवसर दिया।
इस कार्यक्रम की आधिकारिक शुरुआत डेक्कन हेराल्ड कार्यालय के पास रोटरी डिस्ट्रिक्ट 3192 के डिस्ट्रिक्ट गवर्नर और डेक्कन हेराल्ड के चेयरमैन श्री तिलक कुमार द्वारा हरी झंडी दिखाकर की गई। डिस्ट्रिक्ट पोलियो चेयर रोटेरियन चंद्रलीला सुंदरम और डिस्ट्रिक्ट रोटारेक्ट रिप्रेजेंटेटिव (डीआरआर) संजय की उपस्थिति ने जन जागरूकता और युवाओं की भागीदारी पर इस पहल के फोकस को और मजबूत किया। इस अवसर पर रोटरी के कई प्रतिष्ठित नेताओं ने भी हिस्सा लिया, जिनमें वाइस गवर्नर पीडीजी डॉ. एस. नागेंद्र, आईपीडीजी एलिज़ाबेथ चेरियन,पीडीजी राजेंद्र राय और पब्लिक इमेज चेयर आरटीएन ज़रीर बाथा शामिल थे। इस सामूहिक प्रयास में लीड क्लब की अध्यक्ष आरटीएन विनेथा चिनप्पा के साथ-साथ आरटीएन अशोक कल्याण शेट्टी और आरटीएन श्रीनिवासमूर्ति ने भी महत्वपूर्ण सहयोग दिया।

इस पहल में स्वास्थ्य सेवा का एक अहम पहलू जोड़ते हुए,धी हॉस्पिटल्स के सीईओ डॉ. चंद्रशेखर चिकमुनियाप्पा ने भी इस वॉकथॉन में भाग लिया। धी हॉस्पिटल्स ने एहतियात के तौर पर एम्बुलेंस सेवाएँ भी उपलब्ध कराईं,जिससे कार्यक्रम के दौरान उचित चिकित्सा सहायता सुनिश्चित करने में मदद मिली।
इस वॉकथॉन की एक खास बात रोटेरियन्स, रोटारेक्टर्स और इंटरैक्टर्स की सक्रिय भागीदारी थी। इससे पता चला कि कैसे एक साझा उद्देश्य अलग-अलग उम्र और पृष्ठभूमि के लोगों को एक साथ ला सकता है।
इंटरैक्ट चेयर निदेशक मायरा कौशल के नेतृत्व में इंटरैक्टर्स ने सड़कों पर युवाओं का जोश भर दिया। विभिन्न स्कूलों के छात्रों ने रचनात्मक प्लेकार्ड लिए हुए थे और पूरे उत्साह के साथ नारे लगाए, जिसने राहगीरों और आने-जाने वालों का ध्यान खींचा। उनकी भागीदारी ने सामुदायिक सेवा और जन स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता लाने में युवाओं को शामिल करने के महत्व को उजागर किया।
डीआरआर संजय के नेतृत्व में रोटारेक्टर्स ने गतिविधियों के समन्वय,इवेंट लॉजिस्टिक्स में सहयोग और प्रतिभागियों को जुटाने में अहम भूमिका निभाई। उनके जोश, संगठनात्मक कौशल और प्रतिबद्धता ने इस मार्च को सुचारू रूप से संपन्न कराने में मदद की। सबसे आगे रहते हुए, संजय और उनकी टीम ने दिखाया कि जब युवा नेतृत्व एक स्पष्ट सामाजिक उद्देश्य के साथ जुड़ता है, तो उसका कितना बड़ा प्रभाव हो सकता है।
डिस्ट्रिक्ट 3192 के 21 क्लबों का प्रतिनिधित्व करने वाले रोटेरियन्स ने वह नेतृत्व, मार्गदर्शन और संस्थागत सहयोग प्रदान किया, जिससे यह पहल सफल हो सकी। उनकी भागीदारी रोटरी की आपसी सहयोग की भावना को दर्शाती है और दिखाती है कि कैसे अलग-अलग क्लबों के समन्वित प्रयासों से समाज पर एक मजबूत और स्पष्ट प्रभाव डाला जा सकता है।
पूरे रास्ते, प्रतिभागियों ने “एंड पोलियो नाउ” के नारे लगाए। इससे पोलियो को जड़ से खत्म करने के वैश्विक मिशन की अहमियत पर जोर दिया गया और लोगों को टीकाकरण जारी रखने के महत्व को समझने के लिए प्रोत्साहित किया गया।
यह जागरूकता अभियान केवल वॉकथॉन तक ही सीमित नहीं रहा। नाश्ते के बाद, रोटेरियनों और रोटारेक्टरों के एक समूह ने बेंगलुरु मेट्रो से उलसूर मेट्रो स्टेशन तक यात्रा करके अपने जनसंपर्क अभियान को आगे बढ़ाया।
इस गतिविधि के ज़रिए अभियान सार्वजनिक परिवहन के दायरे में पहुँचा,जिससे यात्रियों से जुड़ने और पोलियो के खिलाफ वैश्विक लड़ाई में रोटरी के योगदान के बारे में जागरूकता बढ़ाने के और मौके मिले।
इस संदेश को सड़कों से मेट्रो तक ले जाकर,प्रतिभागियों ने दिखाया कि रोज़मर्रा की सार्वजनिक जगहों पर सरल,प्रत्यक्ष और सार्थक बातचीत के ज़रिए जन जागरूकता को मज़बूत किया जा सकता है।
विश्व पोलियो दिवस डॉ. जोनास साल्क के जन्मदिवस के उपलक्ष्य में मनाया जाता है। उनकी टीम ने ही पोलियो की पहली सफल ‘इनएक्टिवेटेड’ (निष्क्रिय) वैक्सीन विकसित की थी। यह दिन वैज्ञानिक प्रगति, टीकाकरण कार्यक्रमों और अंतर्राष्ट्रीय सहयोग के माध्यम से हासिल की गई उपलब्धियों को याद दिलाने का एक महत्वपूर्ण जरिया है।
‘ग्लोबल पोलियो इरेडिकेशन इनिशिएटिव’ (वैश्विक पोलियो उन्मूलन पहल) के तहत, रोटरी इंटरनेशनल ने पोलियो को जड़ से खत्म करने के वैश्विक प्रयासों में अग्रणी भूमिका निभाई है। इस काम में वे विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ), यूनिसेफ (यूनिसेफ), अमेरिकी ‘सेंटर्स फॉर डिसीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन’ (सीडीसी), गेट्स फाउंडेशन और अन्य साझेदारों के साथ मिलकर काम कर रहे हैं।

हालांकि हमने काफी प्रगति की है, लेकिन यह लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है। इस बीमारी को दोबारा लौटने से रोकने और हर बच्चे की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए लगातार टीकाकरण, प्रभावी निगरानी, जन-जागरूकता और सामुदायिक भागीदारी बहुत जरूरी है।
बेंगलुरु में आयोजित ‘वॉकथॉन’ (पैदल मार्च) ने इस वैश्विक मिशन को स्थानीय स्तर पर एक ठोस कदम में बदल दिया। 400 से अधिक प्रतिभागियों को एक साथ लाकर, इस पहल ने टीकाकरण के महत्व को मजबूत किया, टीकाकरण से जुड़ी चिंताओं को दूर किया और पोलियो उन्मूलन के मुद्दे को सार्वजनिक चर्चा का हिस्सा बनाए रखा।
इस वॉकथॉन की सफलता रोटरी परिवार और उन सभी लोगों की सामूहिक प्रतिबद्धता को दर्शाती है, जिन्होंने इसके नियोजन और आयोजन में योगदान दिया। 21 क्लबों की भागीदारी ने पूरे जिले के स्तर पर सहयोग की ताकत को दिखाया,जबकि रोटरैक्टर्स और इंटरैक्टर्स की सक्रिय भागीदारी ने भविष्य के सामुदायिक नेताओं को तैयार करने के महत्व को रेखांकित किया।
डिस्ट्रिक्ट सचिवालय ने जिला अधिकारियों, बेंगलुरु क्लबों के रोटेरियन्स, ट्रैफिक पुलिस विभाग, सार्जेंट-एट-आर्म्स टीम, कब्बन पार्क के अधिकारियों, नाश्ते की व्यवस्था करने वाले कैटरिंग पार्टनर्स और बड़ी संख्या में शामिल हुए सभी रोटरैक्टर्स व इंटरैक्टर्स का आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम की सहयोगी टीमों और साझेदारों का भी विशेष धन्यवाद किया गया, जिनके बेहतर समन्वय, लॉजिस्टिक सहायता और समर्पण ने इस पहल को एक सार्थक जन-जागरूकता अभियान बनाने में मदद की।
बेंगलुरु की सड़कों पर आयोजित यह ‘विश्व पोलियो दिवस जागरूकता वॉकथॉन’ केवल एक पैदल मार्च नहीं था, बल्कि यह साझा जिम्मेदारी, अलग-अलग पीढ़ियों के नेतृत्व और मानवीय सेवा के प्रति रोटरी की अटूट प्रतिबद्धता का प्रतीक था।
जब प्रतिभागी एम.जी. रोड और उसके आसपास के इलाकों से गुजरे,तो उनका मुख्य संदेश बिल्कुल स्पष्ट था: पोलियो-मुक्त दुनिया का लक्ष्य हासिल करने के लिए हम सभी को लगातार प्रयास करते रहने की जरूरत है।
