गूगल के साथ स्विफ्टचैट ने स्पीच-आधारित रीडिंग टूल पेश किया

गूगल के साथ स्विफ्टचैट ने स्पीच-आधारित रीडिंग टूल पेश किया

नई दिल्ली, 1 दिसंबर (युआईटीवी/आईएएनएस)- घरेलू संवादी एआई प्लेटफॉर्म स्विफ्टचैट ने गूगल के साथ गुरुवार को रीड अलॉन्ग टूल पेश किया, जो उनके प्लेटफॉर्म पर बोलने वाला रीडिंग टूल है। स्विफ्टचैट का रीड अलॉन्ग बॉट 5-11 वर्ष की आयु के शुरुआती शिक्षार्थियों को अपनी आवाज का उपयोग कर स्वतंत्र रूप से पढ़ने व सीखने में सहायता करेगा।

यह टूल एंड्रॉइड ऐप और वेबसाइट के रूप में उपलब्ध है।

स्विफ्टचैट के मुख्य प्रोडक्ट अधिकारी शिखर गुप्ता ने एक बयान में कहा, “स्विफ्टचैट ऐप पर रीड अलॉन्ग बॉट का नियमित रूप से उपयोग करने से बच्चे अपने पढ़ने के कौशल में सुधार कर सकेंगे। स्विफ्टचैट का मिशन बड़े पैमाने पर सरल और सार्थक समाधान प्रदान कर प्रौद्योगिकी और लोगों के बीच की खाई को पाटना है। हम चाहते हैं कि छात्र पढ़ना सीखें और विश्वास करें कि यह साझेदारी उस दिशा में एक अद्भुत कदम है।”

कंपनी के अनुसार, स्विफ्टचैट ऐप पर नया टूल अंग्रेजी और सात भारतीय भाषाओं, अर्थात हिंदी, गुजराती, मराठी, तमिल, तेलुगु, बंगाली और उर्दू में 700 से अधिक सचित्र कहानियों का समर्थन करेगा।

इसके अलावा, कंपनी ने कहा कि बॉट शिक्षार्थियों को उनकी पढ़ने की क्षमता के आधार पर कठिनाई स्तरों को समायोजित कर अपनी गति से पढ़ने के कौशल में सुधार करने की अनुमति देगा।

रीड अलॉन्ग, जिसे भारत में पहली बार बोलो के रूप में जारी किया गया था, पढ़ने के कौशल को विकसित करने में मदद करने के लिए गूगल की स्पीच रिकग्निशन तकनीक का उपयोग करता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *