वरुण चक्रवर्ती (तस्वीर क्रेडिट@CricCrazyJohns)

अफगानिस्तान सीरीज के बीच भारत को बड़ा झटका,चोट के कारण वरुण चक्रवर्ती पूरे दौरे से बाहर,एशियन गेम्स में खेलने पर भी संदेह

नई दिल्ली,15 सितंबर (युआईटीवी)- भारत ने अफगानिस्तान के खिलाफ रविवार को खेले गए पहले टी20 मुकाबले में शानदार प्रदर्शन करते हुए सात विकेट से जीत दर्ज की और तीन मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली। हालाँकि, सीरीज के अगले मुकाबले से पहले भारतीय टीम को बड़ा झटका लगा है। अनुभवी रिस्ट-स्पिनर वरुण चक्रवर्ती चोटिल होने के कारण अफगानिस्तान के खिलाफ पूरी टी20 सीरीज से बाहर हो गए हैं। उनकी चोट ने भारत के आगामी एशियन गेम्स अभियान को लेकर भी चिंता बढ़ा दी है। चक्रवर्ती के जापान में होने वाले एशियन गेम्स में खेलने को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है।

वरुण चक्रवर्ती को यह चोट अफगानिस्तान के खिलाफ सीरीज के पहले मुकाबले के दौरान लगी थी। दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में खेले गए इस मैच में उन्होंने अपने चार ओवर के स्पेल में 16 रन देकर एक विकेट हासिल किया था। गेंदबाजी के दौरान उनका प्रदर्शन प्रभावी रहा और उन्होंने अफगानिस्तान के बल्लेबाजों पर दबाव बनाए रखने में अहम भूमिका निभाई। इसके बाद भारतीय टीम ने बल्लेबाजी में भी दमदार प्रदर्शन किया और मुकाबला सात विकेट से अपने नाम कर लिया।

पहले मैच के बाद चक्रवर्ती की फिटनेस को लेकर स्थिति पर नजर रखी जा रही थी। सोमवार को सामने आई जानकारी के मुताबिक, स्कैन में उनकी साइड स्ट्रेन की पुष्टि हुई है। एक सूत्र ने बताया कि वरुण अब अफगानिस्तान के खिलाफ पूरी सीरीज में भारतीय टीम का हिस्सा नहीं होंगे। इसके बाद यह तय किया जाएगा कि उन्हें आगे के उपचार और रिहैबिलिटेशन के लिए बेंगलुरु स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में कब रिपोर्ट करने के लिए कहा जाता है।

चक्रवर्ती के लिए यह चोट इसलिए भी चिंता का विषय है क्योंकि वह लंबे समय से लगातार चोटों और रिहैबिलिटेशन से जूझते हुए अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में अपनी जगह बनाए रखने की कोशिश कर रहे हैं। अफगानिस्तान सीरीज से पहले वह इंग्लैंड दौरे के दौरान लगी हैमस्ट्रिंग की चोट से उबरकर भारतीय टीम में लौटे थे। इसी चोट के कारण वह जुलाई में जिम्बाब्वे के खिलाफ हुए टी20 दौरे में भारतीय टीम का हिस्सा नहीं बन सके थे।

इतना ही नहीं,इससे पहले इंडियन प्रीमियर लीग के 2026 सत्र के दौरान भी चक्रवर्ती चोट की चपेट में आ गए थे। कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए खेलते हुए उनके बाएं पैर में हेयरलाइन फ्रैक्चर हुआ था। लगातार चोटों के बावजूद उन्होंने मेहनत जारी रखी और भारतीय टीम में वापसी की। अफगानिस्तान के खिलाफ पहले मैच में गेंद के साथ उनके प्रदर्शन से उम्मीद जगी थी कि वह आने वाले महत्वपूर्ण मुकाबलों में टीम के लिए उपयोगी साबित होंगे,लेकिन साइड स्ट्रेन ने उनकी योजनाओं पर फिलहाल विराम लगा दिया है।

पहले टी20 मैच के बाद हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में चक्रवर्ती ने आधुनिक क्रिकेट में खिलाड़ियों पर बढ़ते शारीरिक दबाव और लगातार फिट रहने की चुनौती पर भी बात की थी। उन्होंने कहा था कि चोटें खिलाड़ियों के लिए आम बात हैं और यह इस बात का संकेत भी हो सकता है कि खिलाड़ी मैदान पर अपना सर्वश्रेष्ठ देने के लिए कितनी मेहनत कर रहे हैं। उनके मुताबिक,कई बार खिलाड़ी अपनी शारीरिक सीमाओं से आगे जाकर प्रदर्शन करने की कोशिश करते हैं और ऐसी स्थिति में शरीर इसका जवाब चोट के रूप में दे सकता है।

चक्रवर्ती ने यह भी कहा था कि जब शरीर संकेत देने लगे तो खिलाड़ी को थोड़ा पीछे हटकर अपनी स्थिति पर ध्यान देना चाहिए और फिर मजबूती के साथ वापसी करनी चाहिए। उस समय उनके बयान से ऐसा नहीं लग रहा था कि वह किसी नई गंभीर समस्या से परेशान हैं। हालाँकि,बाद में हुए स्कैन में साइड स्ट्रेन की पुष्टि होने से भारतीय टीम के लिए मुश्किल बढ़ गई है।

अब भारतीय टीम के सामने सबसे बड़ी चुनौती यह होगी कि वरुण की अनुपस्थिति में स्पिन विभाग को किस तरह संतुलित किया जाए। भारत के पास इस भूमिका के लिए कई विकल्प मौजूद हैं। कुलदीप यादव टीम के प्रमुख स्पिन विकल्पों में शामिल हैं,जबकि क्रुणाल पांड्या भी गेंद के साथ उपयोगी भूमिका निभा सकते हैं। इसके अलावा अनकैप्ड विपराज निगम को भी टीम में शामिल किया गया है,जो जरूरत पड़ने पर अपनी स्पिन गेंदबाजी से योगदान दे सकते हैं।

वहीं,हर्ष दुबे और शाहबाज अहमद फिलहाल अपनी-अपनी चोटों से उबरने के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में रिहैबिलिटेशन से गुजर रहे हैं। ऐसे में भारतीय टीम प्रबंधन के लिए खिलाड़ियों के कार्यभार और फिटनेस का संतुलन बनाए रखना अहम होगा। खासकर तब, जब आने वाले समय में टीम को लगातार महत्वपूर्ण अंतर्राष्ट्रीय मुकाबले खेलने हैं।

अफगानिस्तान के खिलाफ सीरीज का दूसरा मुकाबला मंगलवार यानी 15 सितंबर को खेला जाएगा। भारत पहले ही सीरीज में 1-0 की बढ़त बना चुका है और अब उसकी नजर दूसरा मैच जीतकर सीरीज अपने नाम करने पर होगी। तीसरा और अंतिम मुकाबला 17 सितंबर को खेला जाएगा। वरुण चक्रवर्ती की गैरमौजूदगी में टीम इंडिया को स्पिन विभाग में नए संयोजन के साथ मैदान पर उतरना पड़ सकता है।

फिलहाल चक्रवर्ती की चोट की गंभीरता और उनकी वापसी की समयसीमा को लेकर विस्तृत जानकारी का इंतजार है। सबसे बड़ा सवाल यह भी है कि क्या वह समय रहते पूरी तरह फिट होकर एशियन गेम्स के लिए उपलब्ध हो पाएँगे। लगातार चोटों से जूझ रहे चक्रवर्ती के लिए अब फिटनेस पर ध्यान देना सबसे महत्वपूर्ण होगा। भारतीय टीम भी उम्मीद करेगी कि उनका रिस्ट-स्पिनर जल्द से जल्द स्वस्थ होकर मैदान पर लौटे,क्योंकि आने वाले टूर्नामेंटों में उनकी गेंदबाजी टीम के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।