नई दिल्ली,29 जुलाई (युआईटीवी)-13 कोचिंग सेंटरों को दिल्ली के राजेंद्र नगर इलाके में तीन विद्यार्थियों की मौत के बाद दिल्ली मेयर के आदेश पर सील कर दिया गया है। शनिवार को दिल्ली के राजेंद्र नगर इलाके में हुए हादसे में आईएएस की तैयारी कर रहे तीन विद्यार्थियों की मौत हो गई,जिसके बाद दिल्ली सरकार एक्शन में आ गई है। राजेंद्र नगर इलाके में अवैध रूप से बेसमेंट में संचालित हो रहे 13 कोचिंग सेंटरों को रविवार देर रात को अधिकारियों ने एमसडी की मेयर शैली ओबेरॉय के आदेश पर सील कर दिया है।
इनमें आईएएस गुरुकुल,सिविल्स डेली आईएएस,आईएएस सेतु,गाइडेंस आईएएस,चहल अकादमी,करियर पावर,साई ट्रेडिंग,प्लूटस अकादमी,विद्या गुरु,99 नोट्स,दैनिक संवाद,टॉपर की अकादमी,इजी फॉर आईएएस कोचिंग सेंटर शामिल हैं। ये कोचिंग सेंटरों में बेसमेंट में नियमों का उल्लंघन करते हुए कोचिंग संचालित करते हुए पाया गया,जिसके कारण इन कोचिंग सेंटरों को मौके पर ही सील कर दिया गया और नोटिस चस्पा दिया गया।
राऊ कोचिंग सेंटर में हुए हादसे के बाद एमसीडी एक्शन में आई और 13 कोचिंग सेंटरों को सील कर दिया है। अधिकारियों के अनुसार,अन्य इलाकों के कोचिंग सेंटरों की भी जल्द ही जाँच की जाएगी और यदि उनमें कमियाँ पाई जाती है तथा बिल्डिंग बायलॉज का उल्लंघन करने वाले कोचिंग सेंटरों को भी सील करने की कार्रवाई की जाएगी। बता दें कि इस मामले को लेकर हर तरफ से एमसीडी को दुत्कार का सामना करना पड़ रहा है। पहले तो कोचिंग सेंटर ने बिल्डिंग बायलॉज के नियमों उल्लंघन करते हुए बेसमेंट को ही लाइब्रेरी बना दिया और दूसरी तरफ एमसीडी के सेनिटेशन विभाग के अनुसार हादसा का दूसरा वजह तय समय पर दिल्ली में सभी नालों की सफाई पूरा नहीं किया जाना बताया गया।
विपक्षी पार्टी दिल्ली सरकार पर लगातार आरोप लगाती रही है कि उसकी लापरवाही के वजह से ये मौतें हुई हैं। राऊ के आईएएस स्टडी सर्किल के बेसमेंट में पानी घुस जाने के वजह से तानिया सोनी,श्रेया यादव और नवीन डेल्विन की मौत हो गई। कोचिंग सेंटरों द्वारा नियमों का उल्लंघन कर बेसमेंट को लाइब्रेरी के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा था। पानी से भरे बेसमेंट में कई अन्य छात्र भी फँस गए थे और सात घंटे के लंबे ऑपरेशन के बाद उन्हें बचाया गया।
