रामपुर,1 अगस्त (युआईटीवी)- हिमाचल प्रदेश में शिमला जिले के रामपुर के झाकड़ी में गुरुवार सुबह भारी बारिश के वजह से बादल फटने से भारी तबाही मच गई है। बरसात के दौरान हिमाचल प्रदेश में ऊपरी इलाकों में बादल फटने के सिलसिले की शुरुआत हो गई है। समेज खड्ड में गुरुवार सुबह तड़के हाइड्रो प्रोजेक्ट के निकट बादल फटने से इलाके में भारी तबाही मच गई।
एनडीआरएफ,रामपुर उपमंडल प्रशासन,होमगार्ड,सीआईएसएफ तथा मेडिकल टीम बादल फटने की सूचना मिलते ही घटनास्थल पर पहुँच गए। झाकड़ी के समेज खड्ड में बादल फटने से अचानक बाढ़ आ जाने से 36 लोग लापता हो गए हैं।
बताया जा रहा है कि पावर प्रोजेक्ट का एक कर्मचारी भी इस हादसे में लापता हो गया है। फिलहाल लापता लोगों की तलाश की जा रही है।
एसडीएम रामपुर निशांत तोमर ने बताया कि जितनी जानकारी अभी तक मिली है,उसके अनुसार बादल फटने के कारण क्षेत्र में अचानक बाढ़ आ गई और प्रभावित क्षेत्र से 36 लोगों के लापता होने की खबर है। वहीं,सड़कें भी जगह-जगह से इस तबाही के कारण टूट गई हैं और बंद हैं। बचाव दल के सदस्य उपकरणों के साथ राहत और बचाव कार्य के लिए दो किलोमीटर पैदल चल कर घटनास्थल पर पहुँची है। रेस्क्यू टीम ने राहत-बचाव कार्य शुरू कर दिया है।
उपमंडल अधिकारी निशांत तोमर ने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य में तेजी लाई गई है। आईटीबीपी और स्पेशल होमगार्ड की टुकड़ियों की भी इस बचाव अभियान में सहायता ली जा रही है। एंबुलेंस और अन्य सुविधाओं को भी प्रभावित क्षेत्रों में भेजने के इंतजाम किए गए हैं।
रामपुर एसडीएम ने कहा कि रेस्क्यू दल में आईटीबीपी,स्पेशल होम गार्ड की टुकड़ियों को भी शामिल किया गया है,जो रेस्क्यू कार्यों में एक जुट होकर जुटी हुई है। रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान एंबुलेंस समेत सभी आधारभूत सुविधाओं को तैनात किया गया है। एसडीएम रामपुर निशांत तोमर ने बताया कि रेस्क्यू टीम द्वारा आपदा में लापता हुए लोगों के तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। लोगों को बचाने और उनकी तलाश के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा ने इस घटना के बारे में बातचीत की और सारी जानकारी ली। उन्होंने केंद्र सरकार से हर संभव मदद का भरोसा दिया है। पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से भी केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा ने बात की और भाजपा के सभी कार्यकर्ताओं को राहत और बचाव कार्य में जुटने का निर्देश दिया।
मौसम विभाग ने शिमला,कुल्लू,सिरमौर,सोलन तथा किन्नौर जिलों के अति-संवेदनशील क्षेत्रों में भूस्खलन और अचानक बाढ़ आने की चेतावनी भी दी है।
इससे पहले बुधवार देर रात को हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले स्थित राजवन गाँव में बादल फटने से एक व्यक्ति की मौत हो गई और 11 से अधिक लोग लापता हैं।
