अर्जेंटीना ने मिस्र को 3-2 से हराकर क्वार्टर फाइनल में बनाई जगह (तस्वीर क्रेडिट@Rameshwar8285)

फीफा विश्व कप 2026: दो गोल से पिछड़ने के बाद अर्जेंटीना की ऐतिहासिक वापसी,मिस्र को 3-2 से हराकर क्वार्टर फाइनल में बनाई जगह

अटलांटा,8 जुलाई (युआईटीवी)- फीफा विश्व कप 2026 के राउंड ऑफ 16 में मंगलवार को फुटबॉल प्रेमियों को एक ऐसा मुकाबला देखने को मिला,जिसे लंबे समय तक याद रखा जाएगा। मौजूदा विश्व चैंपियन अर्जेंटीना ने अटलांटा में खेले गए रोमांचक मुकाबले में मिस्र के खिलाफ दो गोल से पिछड़ने के बाद शानदार वापसी करते हुए 3-2 से जीत दर्ज की और क्वार्टर फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। एक समय ऐसा लग रहा था कि अर्जेंटीना का विश्व कप अभियान समय से पहले समाप्त हो जाएगा,लेकिन कप्तान लियोनेल मेसी के अनुभव,टीम के जुझारू प्रदर्शन और अंतिम क्षणों तक हार नहीं मानने के जज्बे ने मैच का पूरा रुख बदल दिया।

मुकाबले की शुरुआत से ही मिस्र ने आक्रामक खेल दिखाया और अर्जेंटीना को चौंका दिया। मैच के 15वें मिनट में यासर इब्राहिम ने शानदार हेडर के जरिए गोल कर अपनी टीम को 1-0 की बढ़त दिला दी। इस गोल के बाद मिस्र का आत्मविश्वास काफी बढ़ गया, जबकि अर्जेंटीना दबाव में नजर आने लगी। शुरुआती बढ़त मिलने के बाद मिस्र ने रक्षात्मक और जवाबी आक्रमण की रणनीति अपनाई,जिससे अर्जेंटीना को बराबरी का गोल करने में काफी कठिनाई हुई।

पहले हाफ में अर्जेंटीना ने कई बार आक्रमण किए,लेकिन मिस्र की मजबूत रक्षापंक्ति और गोलकीपर मुस्तफा शोबीर के शानदार प्रदर्शन ने हर प्रयास को नाकाम कर दिया। शोबीर पूरे मुकाबले में बेहतरीन लय में दिखाई दिए। उन्होंने अर्जेंटीना के कई खतरनाक प्रयासों को विफल किया और अपनी टीम को बढ़त बनाए रखने में अहम भूमिका निभाई। उनके शानदार बचावों के कारण अर्जेंटीना को लगातार निराशा हाथ लगी।

इस मुकाबले में एक दिलचस्प आँकड़ा भी सामने आया। वर्ष 2018 में फ्रांस के खिलाफ खेले गए राउंड ऑफ 16 मुकाबले के बाद यह पहला अवसर था,जब अर्जेंटीना ने विश्व कप के किसी मैच के पहले हाफ में गोल खाया। इससे पहले लगातार 11 विश्व कप मुकाबलों में अर्जेंटीना पहले हाफ में कोई गोल नहीं खाया था। ऐसे में मिस्र की शुरुआती बढ़त ने अर्जेंटीना पर मानसिक दबाव और भी बढ़ा दिया।

दूसरे हाफ की शुरुआत में भी मिस्र ने अपनी आक्रामकता बरकरार रखी। अर्जेंटीना बराबरी की तलाश में आगे बढ़ रही थी,लेकिन मिस्र लगातार जवाबी हमलों से खतरा पैदा कर रहा था। लगभग एक घंटे का खेल पूरा होने से ठीक पहले ऐसा लगा कि मिस्र ने दूसरा गोल भी कर दिया है। हैसम हसन ने दाईं ओर से शानदार दौड़ लगाते हुए मोहम्मद सालाह को गेंद दी और उन्होंने मुस्तफा जिको के लिए बेहतरीन अवसर बनाया। हालाँकि,गोल से पहले फाउल होने के कारण यह गोल रद्द कर दिया गया,जिससे अर्जेंटीना को बड़ी राहत मिली।

लेकिन यह राहत ज्यादा देर तक नहीं टिक सकी। 62वें मिनट में मिस्र ने फिर शानदार तालमेल का प्रदर्शन किया। तेज काउंटर अटैक के दौरान मोहम्मद सालाह और हैसम हसन के बेहतरीन संयोजन के बाद मुस्तफा जिको ने गेंद को गोल में पहुँचाकर अपनी टीम की बढ़त 2-0 कर दी। इस गोल के बाद स्टेडियम में मौजूद मिस्र के समर्थकों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। दूसरी ओर अर्जेंटीना के लिए स्थिति बेहद चुनौतीपूर्ण हो गई। मौजूदा विश्व चैंपियन अब विश्व कप से बाहर होने के कगार पर पहुँच गया था।

दो गोल से पिछड़ने के बावजूद अर्जेंटीना ने हार नहीं मानी। टीम ने धैर्य बनाए रखा और लगातार हमले जारी रखे। कप्तान लियोनेल मेसी ने इस कठिन समय में अपनी नेतृत्व क्षमता का परिचय दिया। उन्होंने खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाया और आक्रमण की गति तेज कर दी। अर्जेंटीना लगातार गेंद पर नियंत्रण बनाए रखते हुए मिस्र की रक्षा पंक्ति पर दबाव बनाता रहा।

79वें मिनट में अर्जेंटीना को आखिरकार सफलता मिली। लियोनेल मेसी ने शानदार मूव तैयार किया और उनके प्रयास से क्रिस्टियन रोमेरो ने गोल कर स्कोर 2-1 कर दिया। इस गोल ने अर्जेंटीना की वापसी की उम्मीदों को फिर से जीवित कर दिया। इसके बाद पूरी टीम और अधिक आक्रामक हो गई और मिस्र की रक्षा लगातार दबाव में आने लगी।

चार मिनट बाद ही अर्जेंटीना को बराबरी का गोल मिल गया। 83वें मिनट में लुटारो मार्टिनेज ने लंबी गेंद पेनाल्टी क्षेत्र में भेजी,जहाँ कप्तान लियोनेल मेसी बिल्कुल सही समय पर पहुँचे। मेसी ने बिना कोई गलती किए गेंद पर शानदार नियंत्रण बनाया और गोल की ओर शॉट लगाया। मिस्र के गोलकीपर मुस्तफा शोबीर ने गेंद को रोकने की पूरी कोशिश की,लेकिन गेंद बार से टकराकर गोल के अंदर चली गई। इस गोल के साथ स्कोर 2-2 हो गया और मुकाबला पूरी तरह बदल गया। मेसी का यह गोल उनके अनुभव,तकनीक और दबाव में शानदार प्रदर्शन करने की क्षमता का बेहतरीन उदाहरण साबित हुआ।

बराबरी के बाद अर्जेंटीना ने जीत के लिए अपने प्रयास और तेज कर दिए। मिस्र के खिलाड़ी लगातार बढ़ते दबाव के कारण रक्षात्मक होते गए,जबकि अर्जेंटीना के खिलाड़ियों ने हर अवसर का फायदा उठाने की कोशिश की। स्टॉपेज टाइम में मुकाबले का रोमांच चरम पर पहुँच गया।

90+3वें मिनट में अर्जेंटीना को वह क्षण मिला,जिसका पूरी टीम और उसके समर्थकों को इंतजार था। एंजो फर्नांडीज ने शानदार आक्रमण का समापन करते हुए बेहतरीन गोल दागा और अर्जेंटीना को 3-2 की निर्णायक बढ़त दिला दी। जैसे ही गेंद गोल में पहुँचीं,पूरा स्टेडियम अर्जेंटीना के समर्थकों की खुशी से गूँज उठा। अंतिम सीटी बजने तक मिस्र ने बराबरी की कोशिश की,लेकिन अर्जेंटीना की रक्षा पंक्ति ने कोई गलती नहीं की और टीम ने यादगार जीत अपने नाम कर ली।

इस मुकाबले में लियोनेल मेसी एक बार फिर अर्जेंटीना के सबसे बड़े नायक बनकर उभरे। उन्होंने पहले क्रिस्टियन रोमेरो के गोल में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और फिर स्वयं बराबरी का गोल कर टीम की वापसी सुनिश्चित की। उनका अनुभव और नेतृत्व पूरे मुकाबले में स्पष्ट दिखाई दिया। वहीं एंजो फर्नांडीज ने अंतिम क्षणों में विजयी गोल कर अपनी टीम को क्वार्टर फाइनल का टिकट दिलाया।

हालाँकि,मिस्र को हार का सामना करना पड़ा,लेकिन टीम के प्रदर्शन की काफी सराहना हो रही है। उसने मौजूदा विश्व चैंपियन को पूरे मुकाबले में कड़ी चुनौती दी और लंबे समय तक जीत के बेहद करीब रही। यासर इब्राहिम और मुस्तफा जिको के गोलों ने साबित किया कि मिस्र किसी भी बड़ी टीम को चुनौती देने की क्षमता रखता है। गोलकीपर मुस्तफा शोबीर ने भी कई शानदार बचाव किए और पूरे मैच में बेहतरीन प्रदर्शन किया,हालाँकि,अंत में टीम जीत हासिल नहीं कर सकी।

इस जीत के साथ अर्जेंटीना ने एक बार फिर साबित कर दिया कि बड़े टूर्नामेंटों में उसका अनुभव और मानसिक मजबूती उसे खास बनाती है। दो गोल से पिछड़ने के बाद जिस तरह टीम ने धैर्य बनाए रखा और अंतिम क्षण तक संघर्ष किया,वह उसकी चैंपियन मानसिकता को दर्शाता है। अब अर्जेंटीना की नजरें क्वार्टर फाइनल पर होंगी,जहाँ उसे एक और कठिन चुनौती का सामना करना होगा।

अटलांटा में खेला गया यह मुकाबला फीफा विश्व कप 2026 के सबसे रोमांचक मैचों में से एक माना जाएगा। मिस्र ने शानदार प्रदर्शन कर सभी को प्रभावित किया,लेकिन अर्जेंटीना ने अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति,सामूहिक खेल और लियोनेल मेसी की प्रेरणादायक कप्तानी के दम पर असंभव लग रही स्थिति को जीत में बदल दिया। यही कारण है कि विश्व फुटबॉल में अर्जेंटीना को आज भी सबसे मजबूत और जुझारू टीमों में गिना जाता है।