नई दिल्ली,14 सितंबर (युआईटीवी)- गणेश चतुर्थी के पावन अवसर पर देशभर में उत्साह और भक्ति का माहौल है। इस अवसर पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु, उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने देशवासियों को शुभकामनाएँ दीं। शीर्ष नेताओं ने भगवान गणेश से सभी के जीवन से विघ्न-बाधाओं को दूर करने, सुख-शांति और समृद्धि प्रदान करने की प्रार्थना की। नेताओं ने अपने संदेशों में गणेश चतुर्थी को ज्ञान, विवेक, सकारात्मकता और नई ऊर्जा का पर्व बताते हुए देशवासियों से राष्ट्र निर्माण में योगदान देने का संकल्प लेने का आह्वान किया।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने गणेश चतुर्थी के अवसर पर देश और विदेश में रहने वाले सभी भारतीयों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। अपने संदेश में उन्होंने भगवान श्री गणेश को बुद्धि, विवेक, समृद्धि और शुभारंभ का प्रतीक बताया। राष्ट्रपति ने कहा कि गणेश चतुर्थी का पावन पर्व लोगों के जीवन में ऊर्जा, ज्ञान और सकारात्मकता का संचार करता है। यह पर्व सभी को नए संकल्पों के साथ आगे बढ़ने और प्रगति के मार्ग पर निरंतर अग्रसर होने की प्रेरणा देता है।
राष्ट्रपति ने अपने संदेश में देशवासियों के लिए सुख, शांति, उत्तम स्वास्थ्य और समृद्धि की कामना की। उन्होंने कहा कि भगवान श्री गणेश का आशीर्वाद सभी के जीवन में खुशहाली लेकर आए। साथ ही उन्होंने नागरिकों से राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान देने का संकल्प लेने की अपील की। राष्ट्रपति का संदेश इस बात पर केंद्रित रहा कि धार्मिक और सांस्कृतिक पर्व लोगों में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करने के साथ समाज और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी की भावना को भी मजबूत करते हैं।
उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने भी गणेश चतुर्थी पर देशवासियों को शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने भगवान गणेश को विघ्नहर्ता और ज्ञान का प्रतीक बताते हुए प्रार्थना की कि गणपति सभी लोगों को शांति, समृद्धि और खुशहाली का आशीर्वाद दें। उपराष्ट्रपति ने अपने संदेश में कहा कि भगवान गणेश सभी को विश्वास और दृढ़ संकल्प के साथ जीवन की हर बाधा को पार करने की प्रेरणा प्रदान करें।
उन्होंने गणेश चतुर्थी के पर्व को लोगों के लिए नई आशा और आत्मविश्वास का अवसर बताया। भगवान गणेश की आराधना को भारतीय परंपरा में विशेष महत्व प्राप्त है और इस दिन श्रद्धालु प्रथम पूज्य देवता की पूजा-अर्चना कर अपने परिवार तथा समाज के कल्याण की कामना करते हैं। उपराष्ट्रपति ने भी इसी भावना के साथ देशवासियों के सुख और समृद्धि की कामना की।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी गणेश चतुर्थी की देशवासियों को बधाई दी। उन्होंने भगवान श्री गणेश को विघ्नहर्ता और मंगलकर्ता बताते हुए कहा कि यह पर्व ज्ञान, विवेक, समृद्धि और शुभारंभ का प्रतीक है। रक्षा मंत्री ने अपने संदेश में कहा कि गणेश चतुर्थी भारतीय सनातन संस्कृति और परंपराओं से जुड़े रहने की प्रेरणा देती है। उन्होंने कहा कि यह अवसर समाज में एकता, सद्भाव और सहयोग की भावना को और मजबूत करने का संदेश देता है।
राजनाथ सिंह ने भगवान गणेश से प्रार्थना की कि वे सभी लोगों के जीवन से विघ्नों को दूर करें और देश को सुख, शांति, समृद्धि तथा प्रगति का आशीर्वाद प्रदान करें। उन्होंने गणेश चतुर्थी के धार्मिक महत्व के साथ इसके सामाजिक संदेश को भी रेखांकित किया। उनके संदेश में भारतीय संस्कृति की परंपराओं को आगे बढ़ाने और समाज में आपसी सहयोग तथा सद्भाव को मजबूत करने पर विशेष जोर दिखाई दिया।
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने भी गणेश चतुर्थी के अवसर पर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने भगवान श्री गणेश को विघ्नहर्ता और मंगलमूर्ति बताते हुए कहा कि उनकी आराधना का यह पावन पर्व सभी के जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और आरोग्य लेकर आए। उन्होंने भगवान गणेश से प्रार्थना की कि सभी लोगों के जीवन की बाधाएं दूर हों और उन्हें निरंतर आगे बढ़ने की शक्ति मिले।
ओम बिड़ला ने अपने संदेश में राष्ट्र की प्रगति और जनकल्याण के संकल्प को भी प्रमुखता दी। उन्होंने कहा कि भगवान गणेश का आशीर्वाद देश की प्रगति और जनकल्याण के लिए किए जा रहे प्रयासों को नई ऊर्जा प्रदान करे। उन्होंने लोगों से इस पावन अवसर पर ज्ञान, विवेक और सद्भाव के मार्ग पर आगे बढ़ने का संकल्प लेने की अपील की।
लोकसभा अध्यक्ष ने विश्व बंधुत्व की भावना का भी उल्लेख किया। उन्होंने भगवान गणेश से सभी के शुभ और कल्याण की कामना करते हुए आपसी प्रेम और सद्भाव को मजबूत करने का संदेश दिया। उनके संदेश में धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक एकता और व्यापक मानवीय कल्याण की भावना भी दिखाई दी।
गणेश चतुर्थी भगवान गणेश के जन्मोत्सव के रूप में मनाई जाती है और देश के विभिन्न हिस्सों में इस पर्व को अलग-अलग परंपराओं के साथ मनाया जाता है। श्रद्धालु घरों और सार्वजनिक स्थानों पर भगवान गणेश की प्रतिमा स्थापित कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना करते हैं। इस दौरान सुख-समृद्धि, ज्ञान और परिवार के कल्याण के लिए प्रार्थना की जाती है। पर्व का धार्मिक महत्व होने के साथ-साथ यह लोगों को एकजुट करने और सामाजिक सद्भाव बढ़ाने का अवसर भी प्रदान करता है।
शीर्ष नेताओं के संदेशों में भी इसी व्यापक भावना की झलक दिखाई दी। राष्ट्रपति से लेकर उपराष्ट्रपति, रक्षा मंत्री और लोकसभा अध्यक्ष तक सभी ने भगवान गणेश से देशवासियों के जीवन में सुख, शांति, स्वास्थ्य और समृद्धि की कामना की। साथ ही ज्ञान, विवेक, सकारात्मक सोच, एकता और सद्भाव को जीवन में अपनाने का संदेश दिया गया।
गणेश चतुर्थी के अवसर पर दिए गए इन संदेशों में राष्ट्र की प्रगति और जनकल्याण को भी विशेष स्थान मिला। नेताओं ने लोगों से पर्व की धार्मिक भावना के साथ सामाजिक जिम्मेदारियों को समझने और देश के विकास में योगदान देने का आह्वान किया। ऐसे में गणेश चतुर्थी केवल आस्था और पूजा का पर्व नहीं,बल्कि नई ऊर्जा, सकारात्मक सोच, सामाजिक एकता और बेहतर भविष्य के संकल्प का अवसर भी बनकर सामने आती है।
