‘ऑपरेशन सिंदूर’ की पहली वर्षगांठ पर देशभर में वीर जवानों को नमन (तस्वीर क्रेडिट@Soma_dhar25)

‘ऑपरेशन सिंदूर’ की पहली वर्षगांठ पर देशभर में वीर जवानों को नमन,प्रधानमंत्री मोदी समेत कई नेताओं ने बदली प्रोफाइल तस्वीर

नई दिल्ली,7 मई (युआईटीवी)- भारत के चर्चित सैन्य अभियान ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की पहली वर्षगांठ पर देशभर में वीर जवानों के साहस और शौर्य को याद किया गया। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत कई केंद्रीय मंत्रियों और भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने अपनी सोशल मीडिया प्रोफाइल तस्वीर बदलकर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का लोगो लगाया। इस कदम को आतंकवाद के खिलाफ भारत की दृढ़ नीति और सेना के प्रति सम्मान के प्रतीक के रूप में देखा जा रहा है।

गुरुवार सुबह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर अपनी प्रोफाइल तस्वीर बदलकर इस अभियान की वर्षगांठ को विशेष रूप से याद किया। इसके साथ ही उन्होंने एक भावुक संदेश भी साझा किया,जिसमें उन्होंने भारतीय सेनाओं की वीरता,साहस और सटीक कार्रवाई की सराहना की। प्रधानमंत्री ने लिखा कि एक वर्ष पहले भारतीय सेनाओं ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान अद्वितीय साहस,दृढ़ संकल्प और पेशेवर क्षमता का परिचय दिया था। उन्होंने कहा कि भारतीय सैनिकों ने उन आतंकवादियों को करारा जवाब दिया,जिन्होंने पहलगाम में निर्दोष भारतीय नागरिकों पर हमला करने का दुस्साहस किया था।

प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संदेश में कहा कि पूरा राष्ट्र भारतीय जवानों के शौर्य को सलाम करता है। उन्होंने कहा कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ केवल एक सैन्य कार्रवाई नहीं थी,बल्कि यह आतंकवाद के खिलाफ भारत की स्पष्ट और कठोर नीति का प्रतीक था। प्रधानमंत्री के अनुसार इस अभियान ने यह साबित किया कि भारत अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा और नागरिकों की रक्षा के लिए हर आवश्यक कदम उठाने में सक्षम है।

प्रधानमंत्री के बाद केंद्र सरकार के कई वरिष्ठ मंत्रियों ने भी अपनी प्रोफाइल तस्वीर बदलकर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का लोगो लगाया। इनमें केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह,विदेश मंत्री एस. जयशंकर,वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल प्रमुख रूप से शामिल रहे। सोशल मीडिया पर नेताओं की बदली हुई प्रोफाइल तस्वीरें तेजी से चर्चा का विषय बन गईं और बड़ी संख्या में लोगों ने भी अपने स्तर पर इस अभियान को याद करते हुए सैनिकों को श्रद्धांजलि दी।

भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने भी इस अवसर पर सेना के प्रति सम्मान व्यक्त किया। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ,दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता,महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस,राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा,उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने भी अपनी प्रोफाइल तस्वीर बदलकर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का लोगो लगाया।

प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संदेश में यह भी कहा कि इस सैन्य अभियान ने भारतीय सेनाओं के बीच बढ़ते समन्वय और आधुनिक सैन्य क्षमता को दुनिया के सामने प्रदर्शित किया। उन्होंने कहा कि यह अभियान रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर भारत की दिशा में उठाए गए कदमों की सफलता का भी उदाहरण बना। प्रधानमंत्री के अनुसार भारतीय रक्षा उपकरणों और स्वदेशी तकनीकों ने इस अभियान को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

‘ऑपरेशन सिंदूर’ की शुरुआत भारत ने 6 और 7 मई की दरमियानी रात को की थी। इस सैन्य अभियान के तहत भारतीय वायुसेना और अन्य सुरक्षा एजेंसियों ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में मौजूद आतंकी ठिकानों पर सटीक हवाई हमले किए थे। भारतीय सेना ने इस कार्रवाई को पूरी गोपनीयता और रणनीतिक सटीकता के साथ अंजाम दिया था। उस समय सरकार ने कहा था कि कार्रवाई का उद्देश्य केवल आतंकवादी ढाँचे को नष्ट करना था और किसी भी आम नागरिक को नुकसान पहुँचाने से बचने के लिए विशेष सावधानी बरती गई थी।

यह सैन्य अभियान 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में शुरू किया गया था। उस हमले में पाकिस्तान समर्थित आतंकवादियों ने 26 निर्दोष नागरिकों की धर्म पूछकर हत्या कर दी थी। इस घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया था और लोगों में भारी आक्रोश देखने को मिला था। भारत सरकार ने हमले के तुरंत बाद स्पष्ट कर दिया था कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।

जाँच एजेंसियों के अनुसार इस हमले की जिम्मेदारी पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े संगठन द रेजिस्टेंस फ्रंट ने ली थी। इसके बाद भारत ने आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को अंजाम दिया। इस कार्रवाई को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भी काफी ध्यान मिला था और कई देशों ने आतंकवाद के खिलाफ भारत के अधिकार का समर्थन किया था।

‘ऑपरेशन सिंदूर’ की पहली वर्षगांठ पर सोशल मीडिया पर भी देशभक्ति का माहौल देखने को मिला। बड़ी संख्या में लोगों ने सेना के जवानों को श्रद्धांजलि दी और आतंकवाद के खिलाफ भारत की नीति का समर्थन किया। कई पूर्व सैनिकों और रक्षा विशेषज्ञों ने भी इस अभियान को भारतीय सैन्य इतिहास की महत्वपूर्ण कार्रवाइयों में से एक बताया।

एक साल बाद भी ‘ऑपरेशन सिंदूर’ देश की सामरिक क्षमता,राजनीतिक इच्छाशक्ति और आतंकवाद के खिलाफ कठोर नीति का प्रतीक बना हुआ है। इस अवसर पर नेताओं द्वारा प्रोफाइल तस्वीर बदलना केवल एक प्रतीकात्मक कदम नहीं,बल्कि उन वीर जवानों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता का संदेश माना जा रहा है,जिन्होंने देश की सुरक्षा के लिए अपने साहस और समर्पण का परिचय दिया।