वीनस विलियम्स (तस्वीर क्रेडिट@CHM_iNEWS)

45 की उम्र में नई चुनौती: वीनस विलियम्स को ऑस्ट्रेलियन ओपन 2026 में वाइल्ड कार्ड,रच सकती हैं इतिहास

मेलबर्न,2 जनवरी (युआईटीवी)- सात बार की ग्रैंड स्लैम चैंपियन वीनस विलियम्स एक बार फिर टेनिस कोर्ट पर बड़ा दांव लगाने के लिए तैयार हैं। 45 साल की उम्र में उन्हें ऑस्ट्रेलियन ओपन 2026 के मेन ड्रॉ के लिए वाइल्ड कार्ड एंट्री मिली है। यह फैसला न केवल उनके करियर का एक नया अध्याय खोलता है,बल्कि महिलाओं के पेशेवर टेनिस में उम्र और जज़्बे के मायने भी बदल देता है। 2021 के बाद यह पहली बार होगा जब वीनस मेलबर्न पार्क में दिखाई देंगी और 2023 के बाद पहली बार वह संयुक्त राज्य अमेरिका के बाहर किसी बड़े टूर्नामेंट में उतरेंगी।

वाइल्ड कार्ड मिलने के साथ ही वीनस ऑस्ट्रेलियन ओपन के मेन ड्रॉ में खेलने वाली सबसे उम्रदराज महिला बन जाएँगी। इस दौरान जापान की किमिको डेट का पुराना रिकॉर्ड टूट जाएगा,जो 2015 में 44 वर्ष की उम्र में ऑस्ट्रेलियन ओपन के पहले दौर में खेली थीं। टेनिस इतिहास में जहाँ युवा खिलाड़ियों के उभार को अक्सर भविष्य का संकेत माना जाता है,वहीं वीनस की वापसी यह बताती है कि अनुभव,अनुशासन और निरंतरता खेल के सबसे महत्वपूर्ण स्तंभ हैं।

ऑस्ट्रेलिया लौटने को लेकर वीनस ने अपनी भावनाएँ भी खुलकर जाहिर कीं। उन्होंने कहा, “मैं ऑस्ट्रेलिया वापस आकर बहुत खुश हूँ और ऑस्ट्रेलियन गर्मियों में मुकाबला करने का इंतजार कर रही हूँ। वहाँ मेरी बहुत सारी शानदार यादें हैं और मैं उस जगह पर लौटने के मौके के लिए शुक्रगुजार हूँ,जो मेरे करियर के लिए बहुत मायने रखती है।” उनके शब्द यह दिखाते हैं कि लंबे करियर के बावजूद खेल के प्रति उनका उत्साह बिल्कुल कम नहीं हुआ है।

वीनस ने पिछले कुछ वर्षों में कई उतार–चढ़ाव देखे हैं। 16 महीने के ब्रेक के बाद वह जुलाई 2025 में टेनिस कोर्ट पर लौटीं। वापसी के बाद उन्होंने तीन प्रमुख टूर्नामेंट खेले और प्रतिस्पर्धी लय पकड़ने की कोशिश जारी रखी। वॉशिंगटन डीसी में खेले गए मुबाडाला सिटी ओपन के पहले दौर में उन्होंने हमवतन पेटन स्टर्न्स को सीधे सेटों में 6-3,6-4 से हराकर वापसी का दमदार संकेत दिया। हालाँकि,अगले दौर में उन्हें मैग्डेलेना फ्रेच के हाथों हार मिली।

अगस्त में सिनसिनाटी टूर्नामेंट के पहले दौर में उन्हें स्पेन की जेसिका बौज़ास-मनेरो से 4-6, 4-6 से पराजय का सामना करना पड़ा। यूएस ओपन में भी वीनस पहले ही दौर में बाहर हो गईं,लेकिन उन्होंने 11वीं सीड कैरोलिन मुचोवा को तीन सेट तक चैलेंज दिया,जो बताता है कि उनकी फिटनेस और मुकाबले की क्षमता अभी भी मजबूती से कायम है। डबल्स में,लेयला फर्नांडीज के साथ जोड़ी बनाकर वे क्वार्टर फाइनल तक पहुँचीं और वहाँ फाइनलिस्ट कैटरीना सिनियाकोवा और टेलर टाउनसेंड से पराजित हुईं।

ऑस्ट्रेलियन ओपन से पहले वीनस अपनी तैयारी होबार्ट इंटरनेशनल में करेंगी,जहाँ उन्हें एक और वाइल्ड कार्ड मिला है। यहाँ उनका साथ मेजर चैंपियन बारबोरा क्रेजसिकोवा और पूर्व यूएस ओपन चैंपियन एम्मा राडुकानू जैसी खिलाड़ी देंगी। इस टूर्नामेंट में प्रदर्शन उन्हें मेलबर्न पार्क के लिए जरूरी मैच-प्रैक्टिस देगा और उनकी तैयारियों की असली परीक्षा भी यही होगी।

वीनस के करियर पर नजर डालें तो उन्होंने अब तक 7 सिंगल्स ग्रैंड स्लैम जीते हैं,जिनमें 5 विंबलडन और 2 यूएस ओपन खिताब शामिल हैं। अपने खेल की आक्रामक शैली,शक्तिशाली सर्व और मुश्किल मौकों पर शांत रहकर मैच खत्म करने की कला ने उन्हें पीढ़ियों तक प्रेरणा का स्रोत बनाया है। सेरेना विलियम्स की बड़ी बहन होने के बावजूद उन्होंने अपने दम पर विश्व टेनिस में अलग पहचान बनाई।

अब ऑस्ट्रेलियन ओपन 2026 उनके लिए केवल एक और टूर्नामेंट नहीं,बल्कि इतिहास बनाने का बड़ा मौका है। वाइल्ड कार्ड के साथ वह यदि आगे बढ़ती हैं,तो न केवल उम्र की सीमाओं को चुनौती देंगी,बल्कि संभावित रूप से सबसे उम्रदराज चैंपियन बनने की ओर कदम भी बढ़ा सकती हैं। हालाँकि,यह राह आसान नहीं होगी—टूर पर युवा,तेज और लगातार बेहतर खेल दिखाने वाली खिलाड़ियों की लंबी कतार मौजूद है। फिर भी,वीनस का अनुभव और बड़े मौकों पर शांत रहने की क्षमता उन्हें किसी भी ड्रॉ में खतरनाक प्रतिद्वंद्वी बनाती है।

मेलबर्न पार्क में 18 जनवरी से शुरू होने जा रहे इस ग्रैंड स्लैम को लेकर टेनिस प्रेमियों में उत्सुकता पहले से ही बढ़ चुकी है। जहाँ एक ओर नए सितारों के उभार की उम्मीदें हैं,वहीं दूसरी ओर वीनस विलियम्स जैसी दिग्गज की वापसी टूर्नामेंट को खास बना रही है। उनकी मौजूदगी यह संदेश देती है कि खेल में उम्र नहीं,बल्कि जुनून और तैयारी मायने रखते हैं। दुनिया भर के प्रशंसक अब यह देखने के लिए उत्सुक हैं कि क्या 45 साल की यह महान चैंपियन एक बार फिर इतिहास लिख पाएँगी या यह ऑस्ट्रेलिया की गर्मियों में उनकी स्मृतियों और संघर्षों को नया आयाम देने वाली एक और यादगार यात्रा साबित होगी।