कीव,15 जुलाई (युआईटीवी)- यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रति आभार जताया है। उन्होंने ट्रंप को यूक्रेन का समर्थन करने और रूस के साथ चल रहे युद्ध को समाप्त करने के प्रयासों में योगदान देने की इच्छा के लिए धन्यवाद दिया। जेलेंस्की ने इसे “बहुत अच्छी बातचीत” करार दिया और कहा कि वह यूक्रेन में स्थायी और न्यायपूर्ण शांति लाने की ट्रंप की दिलचस्पी का स्वागत करते हैं।
जेलेंस्की ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, “मैंने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से बात की। यह एक बहुत अच्छी बातचीत थी। यूक्रेन का समर्थन करने और हत्याओं को रोकने व एक स्थायी और न्यायपूर्ण शांति स्थापित करने को लेकर मिलकर काम करने की इच्छा के लिए धन्यवाद। राष्ट्रपति ट्रंप ने नाटो महासचिव के साथ अपनी बैठक के बारे में जानकारी साझा की। यह महत्वपूर्ण है कि हमारे बीच इतने अच्छे संबंध हैं और गठबंधन देश अपने रक्षा खर्च को बढ़ाने के लिए काम कर रहे हैं।”
उन्होंने आगे कहा कि दोनों नेताओं ने उन जरूरी उपायों और समाधानों पर चर्चा की, जिनसे यूक्रेन के लोगों को रूसी हमलों से बेहतर सुरक्षा मिल सके और युद्ध में उसकी स्थिति मजबूत हो सके। जेलेंस्की ने कहा कि उन्होंने और ट्रंप ने भविष्य में फोन पर ज्यादा बातचीत करने और आपसी कदमों का समन्वय करने पर सहमति जताई। उन्होंने पोस्ट में लिखा,“हम शांति हासिल करने के लिए यथासंभव काम करने के लिए तैयार हैं। धन्यवाद मिस्टर प्रेसिडेंट! धन्यवाद अमेरिका!”
जेलेंस्की की यह टिप्पणी उस समय आई है,जब अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने रूस के खिलाफ सख्त आर्थिक कदमों की धमकी दी है। ट्रंप ने सोमवार को घोषणा की कि रूस से तेल,गैस और यूरेनियम आयात करने वाले देशों पर वह 100 प्रतिशत का द्वितीयक शुल्क (सेकेंडरी टैरिफ) लगा सकते हैं।
ट्रंप ने स्पष्ट कहा कि वह यूक्रेन युद्ध के चलते रूस की हठधर्मिता से बेहद नाराज हैं। व्हाइट हाउस में नाटो महासचिव मार्क रुटे के साथ पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने रूस को 50 दिनों की डेडलाइन दी। उन्होंने कहा,“अगर 50 दिनों में शांति समझौता नहीं हुआ,तो हम बहुत सख्त टैरिफ लगाएँगे। लगभग 100 प्रतिशत के द्वितीयक टैरिफ लागू किए जाएँगे।”
ट्रंप के इस बयान को रूस पर दबाव बढ़ाने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है।
जेलेंस्की ने नाटो महासचिव मार्क रुटे के साथ भी बातचीत की। उन्होंने एक्स पर एक अन्य पोस्ट में लिखा,“मैंने मार्क रुटे से बात की। यह एक और बहुत अच्छी बातचीत थी। मार्क ने वाशिंगटन में राष्ट्रपति ट्रंप के साथ हुई बैठक और यूरोप व अमेरिका के बीच यूक्रेन को समर्थन जारी रखने और उसे मजबूत करने के लिए सहयोग की विस्तृत जानकारी दी।”
जेलेंस्की ने रुटे को यूक्रेन के लिए अतिरिक्त पैट्रियट मिसाइल सिस्टम देने की तैयारी के लिए धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि अमेरिका,जर्मनी और नॉर्वे पहले से ही इस दिशा में मिलकर काम कर रहे हैं। इसके अलावा,रूसी हमलों को रोकने और लोगों की जान बचाने के लिए अन्य हथियारों की आपूर्ति भी की जाएगी।
जेलेंस्की ने अपने बयान में जोर दिया कि रूस पर दबाव बढ़ाना बेहद जरूरी है,ताकि शांति स्थापित की जा सके और नागरिकों की जान बचाई जा सके। उन्होंने कहा,
“हम शांति और अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए हर संभव कदम उठाने को तैयार हैं। रूस को अपनी आक्रामकता खत्म करने के लिए मजबूर करना होगा।”
जेलेंस्की की हालिया बातचीत और पोस्ट से यह साफ है कि वह राष्ट्रपति ट्रंप की सक्रिय भूमिका को लेकर उम्मीदें लगाए हुए हैं। ट्रंप की रूस पर सख्त आर्थिक पाबंदियाँ लगाने की धमकी यूक्रेन के लिए राहत की खबर है,क्योंकि इससे रूस पर अंतर्राष्ट्रीय दबाव बढ़ सकता है।
जेलेंस्की ने ट्रंप की न्यायपूर्ण शांति की इच्छा का स्वागत करते हुए कहा कि वह अमेरिका और नाटो देशों के साथ मिलकर रूस के खिलाफ अपने रुख को और मजबूत करेंगे।
रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध को लगभग तीन साल पूरे होने को हैं। इस दौरान यूक्रेन को पश्चिमी देशों से हथियारों और वित्तीय सहायता के रूप में भारी समर्थन मिला है। अमेरिका और यूरोप ने कई बार रूस पर प्रतिबंध लगाए,लेकिन अभी तक कोई स्थायी शांति समझौता नहीं हो पाया है।
अब ट्रंप की सख्त चेतावनी और नाटो देशों के सहयोग से उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले महीनों में रूस पर दबाव बढ़ेगा और शांति वार्ता की संभावनाएँ प्रबल होंगी।
