मैड्रिड,29 अक्टूबर (युआईटीवी)- स्पेन के टोलेडो प्रांत में बुधवार को दो हाई-स्पीड ट्रेनों के बीच हुई भीषण टक्कर से बड़ा हादसा हो गया। इस दुर्घटना में कम से कम 46 लोगों की मौत की खबर है,जबकि मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। हादसे में स्पेन की रेल कंपनी रेनफे और निजी रेल ऑपरेटर इर्यो की ट्रेनें शामिल थीं। टक्कर के बाद कई डिब्बे पटरी से उतर गए,जिसके चलते घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही आपातकालीन सेवाओं,दमकल विभाग,चिकित्सा दलों और नागरिक सुरक्षा कर्मियों को मौके पर भेजा गया। बचावकर्मी मलबे और क्षतिग्रस्त डिब्बों के बीच फंसे लोगों को निकालने तथा घायलों को चिकित्सा सहायता पहुँचाने में जुटे हैं।
स्थानीय समय के अनुसार, बुधवार सुबह 8 बजकर 54 मिनट पर उर्दा रेलवे स्टेशन के पास यह दुर्घटना हुई। शुरुआती जानकारी के मुताबिक,टक्कर इतनी भीषण थी कि इर्यो ट्रेन के दो डिब्बे पटरी से उतरकर रेलवे लाइन के किनारे बने तटबंध से नीचे जा गिरे। हादसे के बाद इलाके में राहत और बचाव अभियान शुरू कर दिया गया। अधिकारियों ने दुर्घटना के कारणों की जाँच शुरू करने की बात कही है,लेकिन फिलहाल हादसे की सटीक वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है।
दुर्घटना की सूचना मिलने के बाद कैस्टिला-ला मांचा क्षेत्र की आपातकालीन सेवा ने तत्काल बचाव अभियान शुरू कराया। अल्काजार डी सैन जुआन और ऑर्गाज से दमकलकर्मियों को घटनास्थल पर भेजा गया। आसपास की नगरपालिकाओं से नागरिक सुरक्षा दल भी राहत कार्य में शामिल हुए। घायलों को जल्द से जल्द चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए तीन मेडिकल हेलीकॉप्टरों की भी तैनाती की गई।
बचाव दल क्षतिग्रस्त डिब्बों में फंसे यात्रियों की तलाश कर रहे हैं। दुर्घटना की गंभीरता को देखते हुए आपातकालीन कर्मचारियों के सामने चुनौती घायलों को सुरक्षित बाहर निकालने और प्रभावित यात्रियों तक जल्द सहायता पहुँचाने की है। हादसे में घायल लोगों को अस्पताल पहुँचाने की व्यवस्था भी की गई है।
स्थानीय मीडिया की शुरुआती रिपोर्टों में मृतकों की संख्या अलग-अलग बताई गई है। कुछ रिपोर्टों में स्थानीय अधिकारियों के हवाले से कम से कम 39 लोगों की मौत की पुष्टि की गई,जबकि अन्य जानकारी में मृतकों की संख्या 46 तक पहुँचने की बात कही गई है। राहत अभियान जारी रहने के कारण अंतिम आँकड़ों में बदलाव की आशंका बनी हुई है।
कैस्टिला-ला मांचा की क्षेत्रीय सरकार की प्रवक्ता एस्तेर पडिला के अनुसार,दुर्घटनाग्रस्त दोनों ट्रेनों में कुल 544 यात्री सवार थे। इनमें निजी रेल कंपनी इर्यो की ट्रेन में 146 यात्री और एक शिशु मौजूद था,जबकि रेनफे की ट्रेन में 397 यात्री सवार थे। इतनी बड़ी संख्या में यात्रियों के मौजूद होने के कारण बचाव अभियान व्यापक स्तर पर चलाया जा रहा है।
फिलहाल अधिकारियों की प्राथमिकता दुर्घटना में प्रभावित यात्रियों की स्थिति का पता लगाना,घायलों को अस्पताल पहुँचाना और लापता लोगों की तलाश करना है। दुर्घटना में कितने लोग घायल हुए हैं और कितने यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला जा चुका है, इसकी पूरी जानकारी सामने आने का इंतजार है।
क्षेत्रीय सरकार की प्रवक्ता ने कहा कि हादसे के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। परिवहन मंत्रालय के एक प्रवक्ता के अनुसार,शुरुआती संकेत इस संभावना की ओर इशारा करते हैं कि रेनफे की हाई-स्पीड ट्रेन ने इर्यो की ट्रेन को पीछे से टक्कर मारी। इसके बाद इर्यो ट्रेन के दो डिब्बे पटरी से उतरकर तटबंध से नीचे गिर गए। हालाँकि,यह शुरुआती आकलन है और दुर्घटना की वास्तविक वजह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
हादसे के बाद स्पेन के प्रमुख हाई-स्पीड रेल मार्गों पर परिचालन प्रभावित हुआ है। बुधवार सुबह 8 बजकर 54 मिनट से मैड्रिड और आंदालुसिया के बीच हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर पर सेवाएँ रोक दी गईं। दुर्घटना का असर मध्यम दूरी की हाई-स्पीड रेल सेवाओं पर भी पड़ा है। इसके चलते बड़ी संख्या में यात्रियों को अपनी यात्रा में देरी और अन्य परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
निजी रेल ऑपरेटर इर्यो ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर जारी बयान में बताया कि दुर्घटना के बाद मैड्रिड के अतोचा स्टेशन से दक्षिणी रेल कॉरिडोर की ओर जाने वाली सभी सेवाएँ निलंबित कर दी गई हैं। कंपनी ने कहा कि उसने अपने आपातकालीन प्रोटोकॉल सक्रिय कर दिए हैं और स्थिति को सँभालने के लिए संबंधित अधिकारियों के साथ मिलकर काम किया जा रहा है।
वहीं,रेनफे ने भी मैड्रिड,स्यूदाद रियल और आंदालुसिया के बीच रेल सेवाएँ निलंबित किए जाने की जानकारी दी। इससे इस मार्ग पर यात्रा करने वाले यात्रियों की आवाजाही प्रभावित हुई है। फिलहाल रेल परिचालन दोबारा कब शुरू होगा,इसे लेकर कोई निश्चित समयसीमा सामने नहीं आई है।
स्पेन में हुई यह दुर्घटना रेल सुरक्षा और हाई-स्पीड रेल परिचालन को लेकर कई सवाल खड़े करती है। हालाँकि,हादसे के कारणों के बारे में अभी कोई अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है। शुरुआती जानकारी में पीछे से टक्कर लगने की आशंका जताई गई है,लेकिन दुर्घटना तक पहुँचाने वाली परिस्थितियों का पता लगाने के लिए विस्तृत जाँच आवश्यक होगी।
फिलहाल प्रशासन और आपातकालीन एजेंसियों का ध्यान राहत एवं बचाव कार्यों पर केंद्रित है। मृतकों की संख्या,घायलों की स्थिति और दुर्घटना के कारणों को लेकर आगे मिलने वाली आधिकारिक जानकारी महत्वपूर्ण होगी। जब तक जाँच पूरी नहीं होती,तब तक हादसे की जिम्मेदारी या तकनीकी कारणों के बारे में किसी निष्कर्ष पर पहुँचना जल्दबाजी होगी।
