नई दिल्ली,16 जुलाई (युआईटीवी)- भारतीय रेलवे ने डिजिटल सेवाओं को आधुनिक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए भारतीय रेलवे खानपान एवं पर्यटन निगम (आईआरसीटीसी) की नई टिकट बुकिंग वेबसाइट का बीटा संस्करण लॉन्च कर दिया है। रेलवे मंत्रालय ने बुधवार को इसकी घोषणा करते हुए बताया कि पिछले दो दशकों में यह आईआरसीटीसी की वेबसाइट में किया गया सबसे बड़ा बदलाव है। नई वेबसाइट को यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पूरी तरह नए स्वरूप में तैयार किया गया है। फिलहाल इसे बीटा संस्करण के रूप में उपलब्ध कराया गया है,ताकि यात्री इसका उपयोग कर सकें और अपने सुझाव साझा कर सकें। यात्रियों से प्राप्त सुझावों और प्रतिक्रियाओं के आधार पर इसमें आवश्यक सुधार किए जाएँगे,जिसके बाद अगले कुछ सप्ताह में इसका पूर्ण संस्करण जारी किया जाएगा।
रेलवे मंत्रालय के अनुसार नई वेबसाइट का बीटा संस्करण मौजूदा आईआरसीटीसी पोर्टल पर ही उपलब्ध कराया गया है। इसके लिए होमपेज पर एक विशेष लिंक दिया गया है, जिसके माध्यम से यात्री आसानी से नई वेबसाइट तक पहुँच सकते हैं। इस व्यवस्था का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि उपयोगकर्ताओं को नई प्रणाली का अनुभव लेने में किसी प्रकार की परेशानी न हो और वे पुराने तथा नए दोनों संस्करणों की तुलना करते हुए अपनी राय दे सकें। मंत्रालय का मानना है कि उपयोगकर्ताओं की भागीदारी से वेबसाइट को और अधिक उपयोगकर्ता-अनुकूल बनाया जा सकेगा।
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि नई वेबसाइट केवल डिजाइन में बदलाव तक सीमित नहीं है,बल्कि इसके पीछे यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाने की व्यापक सोच काम कर रही है। पिछले कई वर्षों से आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर टिकट बुकिंग के दौरान धीमी गति,अधिक चरणों वाली प्रक्रिया,बार-बार आने वाले कैप्चा,पॉप-अप और अनावश्यक ग्राफिक्स जैसी समस्याओं की शिकायतें सामने आती रही थीं। नई वेबसाइट में इन सभी पहलुओं पर विशेष ध्यान दिया गया है,ताकि टिकट बुकिंग पहले की तुलना में अधिक सरल,तेज और सुविधाजनक बन सके।
नई वेबसाइट का इंटरफेस पहले की तुलना में कहीं अधिक साफ-सुथरा और आधुनिक बनाया गया है। उपयोगकर्ताओं को अब आवश्यक जानकारी आसानी से दिखाई देगी और वेबसाइट पर नेविगेशन भी अधिक सहज होगा। टिकट खोजने से लेकर भुगतान करने तक की पूरी प्रक्रिया को सरल बनाया गया है। रेलवे मंत्रालय का कहना है कि यात्रियों को कम समय में टिकट बुक करने का अनुभव मिलेगा,जिससे व्यस्त समय में भी वेबसाइट का उपयोग अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सकेगा।
नई वेबसाइट की सबसे महत्वपूर्ण विशेषताओं में से एक यह है कि अब यात्रियों को विभिन्न श्रेणियों में सीटों की उपलब्धता एक साथ दिखाई देगी। पहले अलग-अलग श्रेणियों की जानकारी देखने के लिए बार-बार विकल्प बदलना पड़ता था,जिससे समय अधिक लगता था। अब सभी उपलब्ध विकल्प एक ही स्थान पर दिखाई देंगे,जिससे यात्री आसानी से तुलना कर अपनी आवश्यकता के अनुसार उपयुक्त श्रेणी का चयन कर सकेंगे। इससे टिकट बुकिंग प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और सुविधाजनक बनने की उम्मीद है।
रेलवे मंत्रालय ने यह भी बताया कि टिकट बुकिंग के दौरान चेकआउट की प्रक्रिया को छोटा कर दिया गया है। पहले जहाँ यात्रियों को कई चरणों से गुजरना पड़ता था,वहीं अब कम चरणों में ही टिकट बुकिंग पूरी हो जाएगी। इसके अलावा जो यात्री नियमित रूप से रेलवे टिकट बुक करते हैं,उनके लिए पहले से सेव यात्रियों की जानकारी उपलब्ध रहेगी। इससे बार-बार नाम,आयु,लिंग और अन्य विवरण दर्ज करने की आवश्यकता नहीं होगी और टिकट बुकिंग में लगने वाला समय भी कम हो जाएगा।
नई वेबसाइट के विकास में शिक्षा जगत की भागीदारी भी उल्लेखनीय रही है। रेलवे मंत्रालय ने बताया कि मालवीय राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान के छात्रों द्वारा दिए गए सुझावों को वेबसाइट तैयार करने के दौरान गंभीरता से शामिल किया गया है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के साथ हुई बातचीत के दौरान छात्रों ने वेबसाइट को अधिक सरल,तेज और उपयोगकर्ता-अनुकूल बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए थे। इन सुझावों के आधार पर वेबसाइट के डिजाइन और कार्यप्रणाली में अनेक बदलाव किए गए हैं। इससे यह स्पष्ट होता है कि रेलवे ने तकनीकी विशेषज्ञों और युवा प्रतिभाओं के विचारों को महत्व देते हुए आधुनिक डिजिटल प्लेटफॉर्म तैयार करने का प्रयास किया है।
आईआरसीटीसी की वेबसाइट पहली बार वर्ष 2002 में शुरू की गई थी। उस समय ऑनलाइन टिकट बुकिंग की शुरुआत भारतीय रेलवे के लिए एक बड़ी उपलब्धि मानी गई थी। पिछले 24 वर्षों में यह प्लेटफॉर्म देश के करोड़ों यात्रियों के लिए सबसे महत्वपूर्ण ऑनलाइन टिकट बुकिंग माध्यम बन चुका है। वर्तमान में इस वेबसाइट के माध्यम से प्रतिदिन औसतन 14.5 लाख टिकटों की बुकिंग की जाती है। त्योहारों और छुट्टियों के दौरान यह संख्या और भी अधिक हो जाती है। ऐसे में वेबसाइट को आधुनिक बनाना और उसकी क्षमता बढ़ाना समय की आवश्यकता माना जा रहा था।
रेलवे मंत्रालय का कहना है कि नई वेबसाइट को रेलवे की उन्नत यात्री आरक्षण प्रणाली के साथ भी जोड़ा जाएगा। इस नई आरक्षण प्रणाली पर समानांतर रूप से काम चल रहा है, जिससे भविष्य में टिकट बुकिंग और भी तेज तथा अधिक विश्वसनीय हो सकेगी। दोनों प्रणालियों के एकीकृत होने के बाद यात्रियों को बेहतर प्रदर्शन,कम तकनीकी समस्याएँ और अधिक स्थिर ऑनलाइन सेवा मिलने की उम्मीद है। इससे विशेष रूप से तत्काल टिकट बुकिंग और अधिक ट्रैफिक वाले समय में वेबसाइट की कार्यक्षमता में सुधार होने की संभावना है।
बीटा संस्करण जारी करने के पीछे रेलवे का उद्देश्य केवल नई तकनीक पेश करना नहीं, बल्कि यात्रियों की वास्तविक जरूरतों को समझना भी है। रेलवे मंत्रालय ने सभी उपयोगकर्ताओं से नई वेबसाइट का उपयोग करने और अपने अनुभव साझा करने की अपील की है। यात्रियों से मिलने वाले सुझावों के आधार पर वेबसाइट में आवश्यक सुधार किए जाएँगे,ताकि अंतिम संस्करण अधिक प्रभावी और सुविधाजनक बन सके। इस प्रक्रिया से यह सुनिश्चित किया जाएगा कि अंतिम वेबसाइट केवल तकनीकी रूप से आधुनिक ही नहीं,बल्कि उपयोगकर्ताओं की अपेक्षाओं पर भी पूरी तरह खरी उतरे।
भारतीय रेलवे लगातार डिजिटल परिवर्तन की दिशा में काम कर रहा है और नई आईआरसीटीसी वेबसाइट उसी प्रयास का महत्वपूर्ण हिस्सा है। साफ-सुथरा इंटरफेस, आसान नेविगेशन,तेज टिकट बुकिंग प्रक्रिया,कम चरणों वाला चेकआउट,सभी श्रेणियों में सीटों की एक साथ उपलब्धता और बार-बार टिकट बुक करने वाले यात्रियों के लिए बेहतर सुविधाएँ इस नए प्लेटफॉर्म को पहले की तुलना में अधिक उपयोगी बनाती हैं। यदि बीटा संस्करण को यात्रियों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिलती है,तो आने वाले सप्ताहों में लॉन्च होने वाला इसका पूर्ण संस्करण भारतीय रेलवे की डिजिटल सेवाओं में एक नया अध्याय जोड़ सकता है और करोड़ों यात्रियों के टिकट बुकिंग अनुभव को पहले से कहीं अधिक सरल,तेज और भरोसेमंद बना सकता है।
