काराकास,31 जुलाई (युआईटीवी)- वेनेजुएला राष्ट्रपति चुनाव के नतीजों पर पेरू के विदेश मंत्री जेवियर गोंजालेज-ओलेचिया द्वारा दिए गए लापरवाह बयान के कारण पेरू के साथ वेनेजुएला ने राजनयिक संबंध को समाप्त करने का निर्णय किया है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर वेनेजुएला के विदेश मंत्री यवन गिल ने पोस्ट किया कि पेरू के विदेश मंत्री के द्वारा दिए गए लापरवाह बयानों के बाद हमें यह निर्णय लेने के लिए मजबूर होना पड़ा है,जो हमारे संविधान की अनदेखी करते हैं। साथ ही यह वेनेजुएला के लोगों की इच्छा के अनुरूप भी नहीं है।
समाचार एजेंसी शिन्हुआ के रिपोर्ट के मुताबिक,उन्होंने कहा कि 1961 के वियना कन्वेंशन के अनुच्छेद 45 के आधार पर यह फैसला लिया गया है और यह डिप्लोमैटिक संबंधों पर है।
वेनेजुएला के राष्ट्रपति चुनाव के परिणामों को जब पेरू ने मान्यता देने से इनकार कर दिया,तब यह फैसला लिया गया। पेरू के विदेश मंत्री जेवियर गोंजालेज-ओलेचिया ने कहा कि वे देश के निर्वाचित राष्ट्रपति के रूप में वेनेजुएला के विपक्षी उम्मीदवार एडमंडो गोंजालेज को मान्यता देते हैं।
वेनेजुएला में निकोलस मादुरो के एक बार फिर से राष्ट्रपति चुनाव जीतने पर संयुक्त राज्य अमेरिका और जापान सहित कई देशों ने गंभीर चिंता जाहिर की है। साथ ही घरेलू और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर संपूर्ण चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता के बारे में संदेह जताया गया है।
वेनेजुएला की राष्ट्रीय चुनाव परिषद (सीएनई) ने सोमवार को निकोलस मादुरो के तीसरी बार राष्ट्रपति चुनाव जीतने की घोषणा की। देश पर निकोलस मादुरो 2031 तक शासन करेंगे।
निकोलस मादुरो नौ राष्ट्रपति पद के उम्मीदवारों के खिलाफ चुनाव लड़ रहे थे,जिसमें उनके लिए एक महत्वपूर्ण चुनौती के रूप में सेवानिवृत्त राजनयिक एडमंडो गोंजालेज को देखा जा रहा था।
